रात 12 से सुबह 6 बजे तक बंद रहेगा इंस्टा और फेसबुक, बच्चों की सेफ्टी पर Meta का फैसला
Lagatar Desk: बच्चों पर सोशल मीडिया की लत लगाने के आरोप पर कोर्ट ट्रायल फेस कर रही फेसबुक और इंस्टग्राम की पैरेंट कंपनी मेटा ने मुकदमे को खत्म करने के लिए समझौता किया है. मेटा इस मामले में कैलिफोर्निया के एक कोर्ट में सहमति दर्ज की है, जिसमें करीब 17 अरब डॉलर का भुगतान करेगी और बच्चों के लिए अपने एप्स में कई बड़े बदलाव करेगी. ये नियम 18 साल से कम उम्र के टीनएजर्स पर लागू होंगे.
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फेसबुक और इंस्टाग्राम पर मिलाकर दिन में दो घंटे की डिफॉल्ट लिमिट और रात 12 बजे से सुबह 6 बजे तक इस्तेमाल पर रोक शामिल हैं. साथ ही रात में और स्कूल के समय में नोटिफिकेशन कर दिए जाएंगे. समझौते के तहत मेटा की चाइल्ड सेफ्टी व्यवस्था पर 10 साल तक स्वतंत्र निगरानी भी की जाएगी. मेटा ने इसपर ट्रायल शुरू कर दिया है.
फेसबुक और इंस्टग्राम की स्वामित्व वाली कंपनी Meta ने अमेरिकी राज्यों के साथ समझौतों पर सहमति जताई है. ये मामला उन आरोपों से जुड़ा था, जिनमें कहा गया था था मेटा ने जानबूझकर अपने प्लेटफॉर्म को इस तरह से बनाया कि युवा यूजर्स ज्यादा समय तक जुड़े रहें.
इसके अलावा कंपनी पर ये भी आरोप है कि बच्चों की सेफ्टी को लेकर कंपनी ने कोई ठोस कदम नहीं उठाए. साथ ही कंपनी ने 13 साल से कम उम्र के यूजर्स का डेटा गैरकानूनी तरीके से इकट्ठा किया. इस मामले में 29 अमेरिकी राज्य शामिल हैं.
हालांकि, टेक्सास ने अलग समझौता किया है. एक फेडरल जज ने समझौते को मंजूरी दे दी है. इसका मतलब ये नहीं है कि मेटा ने किसी तरह की गलती या गैरकानूनी काम करन की बात स्वीकार की है.
समझौते का सबसे अहम हिस्सा किशोरों के अकाउंट पर लगने वाली नई लिमिटेशन हैं. समझौते के तहत टीनएजर्स को स्थानीय समय के अनुसार रात 12 बजे से सुबह 6 बजे तक फेसबुक और इंस्टाग्राम इस्तेमाल करने से अपने आप रोक दिया जाएगा. उनके अकाउंट पर मेटा के एप्स में कुल मिलाकर दो घंटे इस्तेमाल की सीमा होगी. हालांकि, मैसेजिंग और लंबे वीडियो देखना इस दो घंटे की सीमा में शामिल नहीं होगा.
कोर्ट के फैसले के बाद मेटा के साथ हुए समझौते में फिलहार अमेरिका के किशोरों पर लागू होंगे. भारत या दूसरे देशों पर मेटा यह नियम लागू करती है कि नहीं ये तो वक्त बताएगा, फिलहाल भारत के टीनएजर्स पर ये नियम लागू होने के आसार न के बराबर है.
दरअसल, फेसबुक की पैरेंट कंपनी के खिलाफ कैलिफोर्निया के ओकलैंड स्थित कोर्ट में एक केस चल रहा था, जिसपर अब समझौता हो गया है. मेटा ने 14 बिलियन अमेरिकी डॉलर की पेमेंट करनी होगी और कुछ नियम भी मानने की बात सामने आई है. अब समझौते के बाद यह केस खत्म होने जा रहा है. साथ ही दूसरे केस में मेटा को राहत मिलेगी.
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