260 मौतों वाले अहमदाबाद प्लेन क्रैश पर सरकार बोली…; जानिए 412 दिन बाद जांच कहां पहुंची?
Jul 29, 2026 03:41 pm ISTलाइव हिन्दुस्तान
Ahmedabad plane crash update: 12 जून 2025 को हुए एयर इंडिया AI-171 विमान हादसे को 412 दिन बीत चुके हैं। 260 लोगों की जान लेने वाले इस हादसे की जांच पर केंद्र सरकार ने संसद में बड़ा अपडेट दिया है।
अहमदाबाद प्लेन हादसे की तस्वीर, 260 लोगों की हुई थी मौत
Ahmedabad plane crash update: 12 जून 2025 को अहमदाबाद में हुए एयर इंडिया AI-171 विमान हादसे को 412 दिन बीत चुके हैं। 260 लोगों की जान लेने वाले इस भीषण हादसे की जांच आखिर कहां तक पहुंची है? क्या हादसे की वजह का पता चल गया है और अंतिम जांच रिपोर्ट कब आएगी? इन सवालों पर केंद्र सरकार ने संसद में बड़ा अपडेट दिया है।
सरकार ने बताया है कि विमान हादसे की जांच अब अंतिम चरण में पहुंच चुकी है। अब तक हुई जांच में फ्यूल कंट्रोल स्विच के लॉकिंग मैकेनिज्म में कोई तकनीकी खराबी नहीं मिली है। हालांकि, विमान के पूरे थ्रस्ट कंट्रोल मॉड्यूल की जांच अभी भी जारी है। सरकार का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद अंतिम रिपोर्ट सार्वजनिक कर दी जाएगी।
संसद में सरकार ने क्या बताया?
राज्यसभा में पूछे गए सवालों के जवाब में नागरिक उड्डयन राज्यमंत्री मुरलीधर मोहोल ने कहा कि एयर इंडिया AI-171 हादसे की जांच तय प्रक्रिया के अनुसार आगे बढ़ रही है। उन्होंने बताया कि एयरक्राफ्ट एक्सीडेंट इन्वेस्टिगेशन ब्यूरो (AAIB) की अंतिम रिपोर्ट में देरी नहीं हुई है।
बड़े विमान हादसों की जांच की कोई निश्चित समय-सीमा नहीं होती और सभी पहलुओं की विस्तार से जांच की जाती है। सरकार ने यह भी कहा कि जांच पूरी होने के बाद अंतिम रिपोर्ट AAIB की आधिकारिक वेबसाइट पर सार्वजनिक कर दी जाएगी।
फ्यूल कंट्रोल स्विच की जांच में क्या मिला?
सरकार के मुताबिक, नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (DGCA) के निर्देश पर प्लेन बनाने वाली कंपनी (OEM) ने फ्यूल कंट्रोल स्विच और उसके लॉकिंग मैकेनिज्म की विस्तार से जांच की है। इस जांच में किसी तरह की तकनीकी खराबी या असामान्यता नहीं मिली।
हालांकि, जांच एजेंसियां अभी भी पूरे थ्रस्ट कंट्रोल मॉड्यूल की जांच कर रही हैं। यह जांच अमेरिका के सिएटल स्थित OEM की सुविधा में चल रही है। इसके नतीजे आने के बाद ही हादसे के कारणों पर अंतिम निष्कर्ष निकाला जाएगा।
क्या अंतिम रिपोर्ट आने में देरी हुई?
सरकार ने संसद में साफ किया कि AAIB की अंतिम रिपोर्ट में किसी तरह की देरी नहीं हुई है। सरकार के अनुसार, बड़े विमान हादसों की जांच एक जटिल प्रक्रिया होती है और इसमें सभी संभावित कारणों तथा हादसे में योगदान देने वाले हर पहलू की जांच की जाती है। इसलिए ऐसी जांच के लिए कोई तय समय-सीमा नहीं होती।
12 जून 2025 को क्या हुआ था?
12 जून 2025 को एयर इंडिया की फ्लाइट AI-171 अहमदाबाद से उड़ान भरने के कुछ ही देर बाद हादसे का शिकार हो गया था। इस भीषण हादसे में विमान में सवार यात्रियों और चालक दल के सदस्यों के साथ-साथ जमीन पर मौजूद लोगों समेत कुल 260 लोगों की मौत हो गई थी।
हादसे के बाद शुरुआती जांच में फ्यूल कंट्रोल स्विच को लेकर कई सवाल उठे थे। इसी वजह से उसके लॉकिंग मैकेनिज्म की विशेष जांच कराई गई। अब सरकार ने संसद में बताया है कि अब तक की जांच में उस स्विच में कोई तकनीकी खराबी नहीं मिली है। हालांकि, पूरी जांच अभी खत्म नहीं हुई है और अंतिम रिपोर्ट आने के बाद ही हादसे की वास्तविक वजह और उससे जुड़े सभी निष्कर्ष सामने आएंगे।
लेखक के बारे में
Ratan Gupta
रतन गुप्ता एक डिजिटल हिंदी जर्नलिस्ट/ कॉन्टेंट प्रोड्यूसर हैं। वर्तमान में लाइव हिन्दुस्तान की स्टेट न्यूज टीम के साथ काम कर रहे हैं। वह क्राइम, राजनीति और समसामयिक मुद्दों पर न्यूज आर्टिकल और एक्सप्लेनर स्टोरीज लिखते हैं।
रतन गुप्ता वर्तमान में लाइव हिन्दुस्तान (हिन्दुस्तान टाइम्स ग्रुप) में कंटेंट प्रोड्यूसर के तौर पर स्टेट न्यूज टीम में काम करते हैं। इस टीम में हिंदी पट्टी के 8 राज्यों दिल्ली-एनसीआर, राजस्थान, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, झारखंड, उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश, गुजरात से जुड़ी खबरों की कवरेज करते हैं। उनका लेखन खास तौर से क्राइम, राजनीति और सामाजिक मुद्दों पर केंद्रित रहता है।
लाइव हिंदुस्तान में बीते 2 साल से काम करते हुए रतन ने ब्रेकिंग न्यूज, राजनीतिक घटनाक्रम और कानून-व्यवस्था से जुड़ी खबरों पर लगातार लेखन किया है। इसके साथ ही वह एक्सप्लेनर स्टोरीज लिखने में भी विशेष रुचि रखते हैं, जहां जटिल मुद्दों को सरल और तथ्यपरक भाषा में पाठकों के सामने रखते हैं।
रतन गुप्ता ने बायोलॉजी में ग्रेजुएशन किया है, जिसके बाद उन्होंने भारतीय जनसंचार संस्थान, नई दिल्ली से हिंदी पत्रकारिता की पढ़ाई की है। साइंस बैकग्राउंड होने के कारण उनकी न्यूज और एनालिसिस स्टोरी में साइंटिफिक टेंपरामेंट, लॉजिकल अप्रोच और फैक्ट-बेस्ड सोच साफ दिखाई देती है। वह किसी भी मुद्दे पर रिपोर्टिंग करते समय दोनों पक्षों की बात, मौजूद तथ्यों और आधिकारिक स्रोतों को प्राथमिकता देते हैं, ताकि यूजर तक संतुलित और भरोसेमंद जानकारी पहुंचे।
इसके साथ ही आईआईएमसी की एकेडमिक पढ़ाई ने उन्हें रिपोर्टिंग, न्यूज प्रोडक्शन, मीडिया एथिक्स और पब्लिक अफेयर्स की गहरी समझ दी है। इसका सीधा असर उनके लेखन की विश्वसनीयता और संतुलन में दिखाई देता है।
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