कर्क में बुध के आते ही बनेगा त्रिग्रही योग, इन 3 राशियों की सोई हुई किस्मत एक झटके में जाग जाएगी

अध्यात्म

  • Authored by: निधि जैन
  • Updated Jul 31, 2026, 12:44 PM IST

Trigrahi Yog 2026: सूर्य और गुरु ग्रह इस समय कर्क राशि में मौजूद हैं। अब जल्द ही बुध ग्रह का भी कर्क राशि में गोचर होने वाला है, जिससे इन तीन ग्रहों की युति और त्रिग्रही योग बनेगा। चलिए जानें त्रिग्रही योग के महत्व, निर्माण के समय और प्रभाव के बारे में।

Image

सूर्य, बुध और गुरु के संयोग से बनेगा त्रिग्रही योग

Trigrahi Yog 2026: त्रिग्रही योग का वैदिक ज्योतिष शास्त्र में खास महत्व है, जिसका निर्माण तीन ग्रहों के एक साथ किसी राशि में आने से होता है। शुभ और अशुभ दोनों तरह का प्रभाव त्रिग्रही योग का राशियों के जीवन पर पड़ता है। ज्योतिष गणना का आकलन करें तो अगस्त 2026 की शुरुआत में कर्क राशि में त्रिग्रही योग बनने जा रहा है, जिसका शुभ प्रभाव कई राशियों पर पड़ेगा। इस बार सूर्य, गुरु और बुध ग्रह के कर्क राशि में आने से त्रिग्रही योग बनेगा। इन तीनों ग्रहों को ही वैदिक ज्योतिष शास्त्र में शक्तिशाली माना गया है, जो समय-समय पर अपनी जगह बदलते हैं। आइए अब जानें त्रिग्रही योग के बनने के समय और प्रभाव के बारे में।

त्रिग्रही योग कर्क राशि में कब बनेगा?

कर्क राशि में 5 अगस्त 2026, बुधवार को शाम 07:58 बजे ग्रहों के राजकुमार बुध गोचर करेंगे। इस राशि में बुध 22 अगस्त 2026, शनिवार की शाम 07 बजकर 33 मिनट तक रहने वाले हैं। वहीं, 16 जुलाई 2026 से सूर्य कर्क राशि में ही हैं। 17 अगस्त 2026 की सुबह 8 बजकर 3 मिनट तक ग्रहों के राजा सूर्य कर्क राशि में ही रहेंगे। इसके अलावा गुरु यानी देवगुरु बृहस्पति 2 जून से लेकर 31 अक्टूबर 2026 तक कर्क राशि में अपनी उपस्थिति दर्ज करवाएंगे। ऐसे में 5 अगस्त 2026 से लेकर 17 अगस्त 2026 तक कर्क राशि में त्रिग्रही योग बनेगा।

त्रिग्रही योग का इन 3 राशियों पर पड़ेगा सकारात्मक प्रभाव

मेष राशि

जिन लोगों की राशि मेष है, उन्हें अगस्त 2026 की शुरुआत में त्रिग्रही योग से महालाभ होने की संभावना अधिक है। इस योग का प्रभाव आपकी कुंडली के चतुर्थ भाव पर पड़ेगा। ऐसे में कार्यक्षेत्र में स्थिति अनुकूल रहेगी। आपका प्रमोशन हो सकता है या मोटा बोनस मिल सकता है। इसके अलावा वाहन-घर आदि जैसे सुख-साधनों में भी वृद्धि होगी।

कर्क राशि

त्रिग्रही योग अगस्त 2026 की शुरुआत में कर्क राशि में बनेगा, जो कि इस राशि के जातकों के लिए बढ़िया रहने वाला है। इस योग का प्रभाव आपकी कुंडली के प्रथम भाव पर पड़ेगा। जिन लोगों का खुद का काम है या जो नौकरी करते हैं, उन्हें आर्थिक तंगी या कामकाज को लेकर टेंशन नहीं रहेगी। साथ ही रिश्तों में सकारात्मक बदलाव देखने को मिलेगा।

वृश्चिक राशि

मेष और कर्क के अलावा वृश्चिक राशि वालों के लिए भी त्रिग्रही योग शुभ रहेगा। इस योग का प्रभाव आपकी कुंडली के नवम भाव पर पड़ने वाला है। ऐसे में हर काम में भाग्य का साथ मिलेगा और आप निराश नहीं रहेंगे। इसके अलावा इनकम को बढ़ाने के लिए किए गए प्रयास कामयाब होंगे और आपके सुख-सुविधाओं में वृद्धि होगी।

त्रिग्रही योग के दौरान करने वाले शुभ उपाय

सूर्य ग्रह, बुध ग्रह और गुरु ग्रह की त्रिग्रही योग के दौरान पूजा करना शुभ रहेगा। साथ ही भगवान विष्णु और गणेश जी की उपासना करें। अपनी क्षमता के अनुसार लोगों को शुभ चीजों का दान करें और बेजुबान जानवरों की सेवा करें। इन उपायों से न सिर्फ त्रिग्रही योग का शुभ प्रभाव बढ़ेगा, बल्कि आपको पुण्य भी मिलेगा।

''बता दें कि मेष, कर्क और वृश्चिक राशियों का यहां दिया गया राशिफल सामान्य फलादेश पर आधारित है। व्यक्ति की कुंडली में ग्रहों की स्थिति और अन्य योगों के आधार पर वास्तविक परिणाम अलग हो सकते हैं।''

डिसक्लेमर: यहां दी गई जानकारी ज्योतिष शास्त्र पर आधारित है और ज्योतिष विद्या के अच्छे जानकार लेखक द्वारा विश्लेषण करके दी गई है। यह केवल सूचना के लिए दी जा रही है। Times Now Navbharat इसकी पुष्टि नहीं करता है।

Nidhi Jain

निधि जैनauthor

निधि जैन Times Now नवभारत डिजिटल में सीनियर कॉपी एडिटर के तौर पर जुड़ी हैं। इन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में 4 साल से ज्यादा का अनुभव है। पढ़ने और लिखने के प्रति इनकी रुचि ही इन्हें जर्नलिज्म की ओर लेकर आई। निधि अब तक हेल्थ, लाइफस्टाइल, धर्म और आध्यात्मिक विषयों पर 4,000 से अधिक आर्टिकल लिख चुकी हैं।

और पढ़ें

  • Hindi News
  • Spirituality

End of Article