मैनपुरी में प्रिंसिपल की दिनदहाड़े गोली मारकर हत्या: स्कूल से लौटते समय बाइक सवार 3 हमलावरों ने रोका, गाली-गलौज के बाद 2 गोली मारी - Mainpuri News
मैनपुरी में प्रिंसिपल की दिनदहाड़े गोली मारकर हत्या:स्कूल से लौटते समय बाइक सवार 3 हमलावरों ने रोका, गाली-गलौज के बाद 2 गोली मारी
हरिओम चौहान मैनपुरी4 मिनट पहले
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मैनपुरी में प्रिंसिपल की दिनदहाड़े गोली मारकर हत्या कर दी गई। सोमवार दोपहर 2 बजे वह विद्यालय से घर जा रहे थे। कुछ ही दूर निकले थे कि बाइक सवार तीन लोगों ने उन्हें ओवरटेक कर रोक लिए और गाली-गलौज करने लगे।
प्रिंसिपल ने जैसे ही विरोध किया और भागने की कोशिश की तो हमलावरों ने गोलियां चला दीं। इनमें एक गोली पेट के दाहिने हिस्से में लगी। गोली लगने से वह सड़क पर गिर गए। वारदात के बाद हमलावर मौके से फरार हो गए।
घटना के समय आसपास के खेतों में कुछ लोग जानवर चरा रहे थे। उन्होंने प्रिंसिपल को सड़क पर घायल पड़ा देखा। तुरंत ग्राम प्रधान को सूचना दी। इसी दौरान पीछे से आ रही साथी शिक्षिका ने भी घटना की जानकारी परिजनों और पुलिस को दी।
प्रधान, परिजनों की मदद से शिक्षक को बाइक से अस्पताल लेकर गए, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। मामला जिला मुख्यालय से करीब 10 किलोमीटर दूर शहर कोतवाली का है।
पहले देखें, 2 तस्वीरें…
प्रिंसिपल की हत्या की सूचना पर परिजन अस्पताल पहुंचे। जिसके बाद रोते-बिखलते रहे।
छोटे भाई यशपाल की हत्या के बाद बड़ा भाई रामपाल करीब 5 मिनट तक गले लगाकर रोता रहा।
अब जानिए पूरा मामला
शहर कोतवाली क्षेत्र में डीएम आवास के बगल यशपाल(52) अकेले रहते थे। उनकी पत्नी की करीब 20 वर्ष पहले मौत हो चुकी थी और उनकी कोई संतान नहीं थी। यशपाल तीन भाइयों में दूसरे नंबर के थे। इनके बड़े भाई का नाम रामपाल सिंह है। यह भी सरकारी टीचर हैं।
यशपाल पहले एयरफोर्स में नौकरी करते थे, लेकिन बाद में नौकरी छोड़ दी। इसके बाद वर्ष 2002 में उस्मानपुर स्थित उच्च प्राथमिक विद्यालय में शिक्षक के पद पर तैनात हुए। वर्तमान में प्रधानाध्यापक थे।
यशपाल मूल रूप से आगरा जिले के एत्मादपुर थाना क्षेत्र के गुड़ा गांव के रहने वाले थे। हालांकि काफी समय से मैनपुरी में रह रहे थे।
यशपाल स्कूल से छुट्टी के बाद घर लौटा था। तभी विद्यालय से 5 किलोमीटर दूर अजीतगंज पेट्रोल पंप से दिवनपुर जाने वाले रास्ते पर करीब 400 मीटर आगे रमपुरा के पास बाइक सवार बदमाशों ने गोली मारकर हत्या हो गई। जिसके बाद मौके से फरार हो गए।
यशपाल स्कूल से छुट्टी के बाद घर लौटा था। तभी तीन बदमाशों ने गोली मारकर हत्या कर दी।
खेतों में जानवर चरा रहे लोगों ने दी सूचना
ग्राम प्रधान संजीव कुमार ने बताया- खेतों में जानवर चरा रहे लोगों ने यशपाल को घायल अवस्था में देखा था। सूचना मिलने पर वह मौके पर पहुंचे। तब तक यशपाल के गांव और घर के लोग भी वहां पहुंच चुके थे। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि एक बाइक पर तीन लोग आए थे और उन्होंने यशपाल पर दो गोलियां चलाईं।
स्कूल का स्टाफ भी छुट्टी के बाद साथ निकला था। शिक्षिका सुमन/कुसुम कुछ दूरी पर थीं। उन्होंने घटना की जानकारी परिजनों को दी। इसके बाद परिजन मौके पर पहुंचे। जिला अस्पताल लाया गया, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया।
सूचना पर थाना प्रभारी और क्षेत्राधिकारी नगर मौके पर पहुंचे। इसके बाद पुलिस अधिकारियों ने अस्पताल पहुंचकर जानकारी ली। घटनास्थल पर एफएसएल टीम को बुलाकर साक्ष्य जुटाए गए।
पुलिस ने लोगों से पूछताछ के आधार पर आरोपियों ने पहचान की जा रही है। परिजन की शिकायत पर पुलिस ने अमित, प्रशांत और रामवीर के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। पुलिस घटनास्थल से मिले साक्ष्यों व प्रत्यक्षदर्शियों की जानकारी के आधार पर जांच कर रही है।
प्रधान संजीव कुमार ने बताया- ग्रामीणों ने सूचना दी। जिसके बाद अस्पताल ले गया। जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया।
परिजनों ने रंजिश का लगाया आरोप
यशपाल के भाई रामपाल सिंह ने हत्या के पीछे परिवार के कुछ लोगों से चली आ रही रंजिश का अंदेशा जताया है। इसी रंजिश के चलते यशपाल को निशाना बनाया गया। हालांकि हत्या की वास्तविक वजह पुलिस की जांच के बाद स्पष्ट होगी।
पुलिस बोली- जमीन विवाद में परिजनों पर हत्या का आरोप
एडिशनल एसपी अभिषेक तिवारी ने बताया- यशपाल और उनके दूर के रिश्तेदार से विवाद सामने निकल कर आया है। जो बचपन से उनके दोस्त भी हैं। इस मामले में यशपाल पैरवी कर रहे थे। इसी विवाद में उनके परिजनों द्वारा यशपाल पर गोली चलाने की बात सामने आई है।
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