स्पैम कॉल्स पर एक्शन, एक साल के लिए ब्लैकलिस्ट होंगे: ऑटोमेटेड कॉल्स पर 5 पैसे प्रति मिनट का चार्ज लगेगा, TRAI ने लागू किए नए नियम
स्पैम कॉल्स पर एक्शन, एक साल के लिए ब्लैकलिस्ट होंगे:ऑटोमेटेड कॉल्स पर 5 पैसे प्रति मिनट का चार्ज लगेगा, TRAI ने लागू किए नए नियम
4 मिनट पहले
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टेलीकॉम रेगुलेटरी अथॉरिटी ऑफ इंडिया ने फर्जी और अनचाही कमर्शियल कॉल रोकने के लिए आज नए नियमों लागू किए हैं। इनके तहत रोबोकॉल्स, ऑटोमेटेड कॉल्स और AI-आधारित स्पैम पहचान को रेगुलेटरी दायरे में लाया गया है।
अगर किसी स्पैमर के 5 या उससे ज्यादा नंबर 10 दिन में पहचाने जाते हैं, तो उनका टेलीकॉम कनेक्शन काटा जा सकता है और 1 साल के लिए ब्लैकलिस्ट किया जा सकता है। इसके अलावा ऑटोमेटेड कॉल्स पर 5 पैसे प्रति मिनट का चार्ज भी लगेगा।
TRAI के नए नियमों को एक-एक कर समझें…
नियम-1: 10 दिन में 5 नंबर संदिग्ध मिलने पर कनेक्शन कटेगा
टेलीकॉम कंपनियां अब स्पैम कॉल्स/मैसेज भेजने वाले नंबरों की पहचान करेंगी।
10 दिन में एक ही व्यक्ति या कंपनी के 5 नंबर संदिग्ध मिले, तो जांच शुरू होगी।
जांच में री-केवाईसी होगा, आउटगोइंग कॉल बंद होंगी और बार-बार गलती करने पर सिम हमेशा के लिए बंद कर दी जाएगी।
नियम-2: कंप्यूटर और रोबोट से आने वाली फर्जी कॉल्स पर रोक
ऑटोमैटिक, रोबोकॉल्स और रिकॉर्डेड आवाज वाली कॉल्स को अब ट्राई के कड़े नियमों के दायरे में लाया गया है।
ऐसी कॉल्स करने वाली कंपनियों को पहले ही टेलीकॉम ऑपरेटर को बताना होगा कि वे किस नंबर का इस्तेमाल करेंगी।
बिना जानकारी दिए की गई किसी भी ऑटोमैटिक कॉल को स्पैम मानकर ब्लॉक कर दिया जाएगा।
नियम-3: बिना इजाजत वाली कॉल्स पर 5 पैसे/मिनट की पेनल्टी
कंपनियों को फर्जी या बिना बताए की गई ऑटोमैटिक कॉल्स पर 5 पैसे प्रति मिनट का जुर्माना देना होगा।
140/160 जैसे आधिकारिक कमर्शियल नंबरों या सरकार से मान्यता प्राप्त कॉल्स को इस पेनल्टी से छूट मिलेगी।
नियम-4: तीन शिकायत और AI की मदद से तुरंत एक्शन
स्पैम कॉल्स पर तेजी से कार्रवाई के लिए यूजर्स की शिकायतों को AI से जोड़ा गया है।
पहले किसी नंबर पर एक्शन लेने के लिए 10 दिन में 5 शिकायतों की जरूरत होती थी।
अब अगर AI किसी नंबर को संदिग्ध बताता है, तो सिर्फ 3 शिकायतें मिलते ही उस पर तुरंत कार्रवाई शुरू हो जाएगी।
नियम-5: शिकायत के समाधान से असंतुष्ट होने पर 15 दिन में करें अपील
अगर आप स्पैम कॉल की शिकायत के निपटारे से संतुष्ट नहीं हैं, तो 15 दिन के अंदर अपील कर सकते हैं।
अपील करने के लिए TRAI DND एप, कंपनी के पोर्टल, या 1909 पर कॉल/SMS की सुविधा मिलेगी।
नियम-6: कंपनियां सिर्फ 7 दिन ही कॉल कर सकेंगी
अगर आपने किसी सर्विस या सामान के लिए ऑनलाइन पूछताछ की है, तो कंपनी सिर्फ 7 दिन तक ही आपसे संपर्क कर पाएगी।
कंपनी के पास आपकी पूछताछ का लिखित या डिजिटल रिकॉर्ड होना जरूरी है।
यह नियम मुख्य रूप से ई-कॉमर्स (जैसे- शॉपिंग ऐप्स) और ऑनलाइन सर्विस देने वाली कंपनियों पर लागू होगा।
नियम-7: गलत मैसेज भेजने पर 6 घंटे में एक्शन, 1 साल का बैन
अगर कोई कंपनी फर्जी मैसेज, गलत हेडर या टेम्पलेट का इस्तेमाल करती है, तो उसे 6 घंटे के भीतर ब्लॉक कर दिया जाएगा।
गड़बड़ी करने वाले टेलीमार्केटर का कनेक्शन 1 साल के लिए काट दिया जाएगा और उसे ब्लैकलिस्ट कर दिया जाएगा।
नियम-8: ट्रूकॉलर जैसे एप्स आधिकारिक कॉल्स को ब्लॉक नहीं कर पाएंगे
ट्रूकॉलर जैसे एप्स अब सरकारी या आधिकारिक कंपनियों के नंबरों (जैसे 140xx, 1600xx, 1601xx सीरीज) को एक साथ स्पैम बताकर ब्लॉक नहीं कर सकेंगे।
हालांकि, अगर कोई उपभोक्ता व्यक्तिगत रूप से अपने फोन में इन नंबरों को ब्लॉक करना चाहे, तो वह खुद कर सकता है।
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