कर्मचारियों के संघर्ष में डटी BKU उगराहां, डीटीएफ पंजाब ने धरने में शामिल होकर जताया समर्थन

September 4, 2026

कर्मचारियों के संघर्ष में डटी BKU उगराहां, डीटीएफ पंजाब ने धरने में शामिल होकर जताया समर्थन

मोगा: भारतीय किसान यूनियन एकता उगराहां की ओर से कर्मचारियों के चल रहे संघर्ष को समर्थन देते हुए विभिन्न कर्मचारी संगठनों और वर्गों को अपने मांगों-मसलों को साझा करने के लिए संगठन के धरनों में शामिल होने का आह्वान किया गया था। इसी आह्वान के तहत शुक्रवार को डेमोक्रेटिक टीचर्स फ्रंट (डीटीएफ) पंजाब की जिला कमेटी मोगा की ओर से भारतीय किसान यूनियन एकता उगराहां द्वारा डिप्टी कमिश्नर कार्यालय मोगा के सामने लगाए गए धरने में शामिल होकर कर्मचारियों के संघर्ष के प्रति समर्थन जताया गया।

इस अवसर पर डेमोक्रेटिक टीचर्स फ्रंट पंजाब के प्रदेश अध्यक्ष दिग्विजय पाल शर्मा, जिला वरिष्ठ उपाध्यक्ष गुरमीत सिंह झोरड़ा, कार्यकारी जिला सचिव सुखविंदर सिंह घोलियां तथा संयुक्त सचिव अमनदीप माछीके सहित बड़ी संख्या में शिक्षक नेता और कर्मचारी धरने में पहुंचे। शिक्षक नेताओं ने कहा कि समाज के विभिन्न वर्गों की ओर से अपने अधिकारों और मांगों को लेकर किए जा रहे संघर्षों के बीच आपसी एकजुटता कायम करना मौजूदा समय की अहम जरूरत है।

डीटीएफ नेताओं ने कहा कि सरकार की नीतियों का असर केवल कर्मचारियों तक सीमित नहीं है, बल्कि किसान, मजदूर और समाज के अन्य वर्ग भी इन नीतियों से प्रभावित हो रहे हैं। उन्होंने कहा कि कथित तौर पर लागू की जा रही साम्राज्यवादी नीतियों और कारपोरेट पक्षधर मॉडल के खिलाफ अलग-अलग वर्गों को अलग-अलग संघर्ष करने के बजाय साझा रूप से आवाज बुलंद करनी चाहिए। उन्होंने कहा कि यदि किसान, मजदूर, कर्मचारी और अन्य मेहनतकश वर्ग एकजुट होकर अपने अधिकारों के लिए संघर्ष करें तो सरकार पर अपनी नीतियों में बदलाव के लिए दबाव बनाया जा सकता है।

धरने को संबोधित करते हुए शिक्षक नेताओं ने किसानों के साथ कर्मचारियों की मांगों और समस्याओं को साझा किया। उन्होंने कहा कि कर्मचारियों को उनकी मेहनत के मुकाबले कम वेतन मिलने की स्थिति पर गंभीरता से विचार किया जाना चाहिए। वहीं, उन्होंने आरोप लगाया कि दूसरी ओर कारपोरेट घरानों को सस्ते दामों पर जमीनें उपलब्ध करवाने तथा बड़े स्तर पर कर्ज माफ करने जैसी नीतियां अपनाई जा रही हैं।

आगूओं ने कहा कि समाज के मेहनतकश वर्गों के हितों की रक्षा के लिए व्यापक जनएकता खड़ी करना जरूरी है। उन्होंने किसान संगठनों और कर्मचारी संगठनों के बीच आपसी सहयोग को और मजबूत करने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि विभिन्न वर्गों की मांगों और संघर्षों को साझा मंच पर लाकर ही सरकार की जनविरोधी नीतियों का प्रभावी ढंग से विरोध किया जा सकता है। इस मौके पर शिक्षक नेता जगजीत सिंह रणियां, गुरजीत सिंह, डॉ. जसकरण सिंह, इंदरजीत सिंह दीदारेवाला, दिलबाग सिंह मधेके सहित अन्य शिक्षक नेता और कार्यकर्ता उपस्थित थे।

📍 Location: मोगा