CBSE 10वीं के पोस्ट रिजल्ट नियमों में बड़ा बदलाव, अब सीधे नहीं होगा री-इवैल्यूएशन! क्या हैं नए नियम?
Published: Thursday, August 6, 2026, 17:57 [IST]
CBSE Class 10 Post Result Rules: केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) ने कक्षा 10 की मुख्य बोर्ड परीक्षा और सेकंड बोर्ड परीक्षा 2026 के छात्रों के लिए पोस्ट रिजल्ट प्रक्रिया में बड़ा बदलाव किया है। अब छात्र सीधे अंकों के वेरिफिकेशन या री-इवैल्यूएशन के लिए आवेदन नहीं कर सकेंगे। नई व्यवस्था के तहत सबसे पहले उन्हें अपनी मूल्यांकित उत्तर पुस्तिका (Answer Sheet) की स्कैन कॉपी लेनी होगी। इसके बाद ही वे तय कर पाएंगे कि वेरिफिकेशन कराना है या किसी उत्तर का दोबारा मूल्यांकन करवाना है।
बोर्ड का कहना है कि इस बदलाव का मकसद पूरी प्रक्रिया को ज्यादा पारदर्शी बनाना और छात्रों को पहले अपनी कॉपी देखने का मौका देना है। यह नई व्यवस्था मुख्य बोर्ड परीक्षा और सेकंड बोर्ड परीक्षा 2026, दोनों पर लागू होगी। सीबीएसई ने पोस्ट रिजल्ट प्रक्रिया को इस बार तीन चरणों में बांटा है।
- पहले चरण में छात्र अपनी मूल्यांकित उत्तर पुस्तिका की स्कैन कॉपी प्राप्त करेंगे।
- दूसरे चरण में यदि उन्हें किसी तरह की गलती नजर आती है, तो वे अंकों के वेरिफिकेशन के लिए आवेदन कर सकेंगे।
- तीसरे चरण में वेरिफिकेशन के बाद भी यदि किसी उत्तर के मूल्यांकन पर आपत्ति रहती है, तो केवल चुने गए प्रश्नों के री-इवैल्यूएशन के लिए आवेदन किया जा सकेगा।
बोर्ड ने साफ किया है कि स्कैन कॉपी लिए बिना सीधे वेरिफिकेशन या री-इवैल्यूएशन के लिए आवेदन स्वीकार नहीं किए जाएंगे।
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कब घोषित हुए थे दोनों परीक्षाओं के रिजल्ट?
CBSE ने कक्षा 10 मुख्य बोर्ड परीक्षा 2026 का परिणाम 15 अप्रैल 2026 को जारी किया था। वहीं सेकंड बोर्ड परीक्षा का रिजल्ट 18 जुलाई 2026 को घोषित किया गया। इन दोनों परीक्षाओं की पोस्ट रिजल्ट सेवाओं के लिए आवेदन केवल ऑनलाइन माध्यम से ही किए जाएंगे।
5 अगस्त से शुरू हुए स्कैन कॉपी के आवेदन
बोर्ड के अनुसार छात्र 5 अगस्त से 9 अगस्त 2026 तक उत्तर पुस्तिका की स्कैन कॉपी के लिए आवेदन कर सकते हैं।
- फीस: 300 रुपये प्रति विषय
CBSE ने छात्रों को सलाह दी है कि पहले उत्तर पुस्तिका को ध्यान से देखें और उसके बाद ही यह फैसला लें कि वेरिफिकेशन या री-इवैल्यूएशन की जरूरत है या नहीं।
16 अगस्त से खुलेंगे वेरिफिकेशन और री-इवैल्यूएशन
उत्तर पुस्तिका देखने के बाद छात्र 16 अगस्त से 19 अगस्त 2026 तक वेरिफिकेशन ऑफ मार्क्स और री-इवैल्यूएशन के लिए आवेदन कर सकेंगे।
फीस इस प्रकार होगी:
- वेरिफिकेशन ऑफ मार्क्स: 300 रुपये प्रति उत्तर पुस्तिका
- री-इवैल्यूएशन: 100 रुपये प्रति प्रश्न
यदि कोई छात्र दोनों सुविधाओं का लाभ लेना चाहता है, तो दोनों प्रक्रियाओं की फीस अलग-अलग जमा करनी होगी।
वेरिफिकेशन के दौरान किन बातों की होगी जांच?
CBSE ने बताया कि वेरिफिकेशन के दौरान यह देखा जाएगा कि-
- कहीं किसी उत्तर का मूल्यांकन छूट तो नहीं गया।
- अंकों का कुल जोड़ सही किया गया है या नहीं।
- उत्तर पुस्तिका से अंतिम अंक दर्ज करते समय कोई गलती तो नहीं हुई।
अगर वेरिफिकेशन के बाद भी छात्र संतुष्ट नहीं होता, तो वह केवल उन्हीं प्रश्नों के री-इवैल्यूएशन के लिए आवेदन कर सकेगा जिन्हें उसने चुना होगा।
री-इवैल्यूएशन के बाद यही होंगे अंतिम अंक
बोर्ड ने स्पष्ट किया है कि री-इवैल्यूएशन के बाद अंक बढ़ सकते हैं, घट सकते हैं या पहले जैसे भी रह सकते हैं। जो भी अंक तय होंगे, वही अंतिम माने जाएंगे। यदि री-इवैल्यूएशन के बाद अंकों में बदलाव होता है, तो छात्र को पहले जारी की गई मार्कशीट और सर्टिफिकेट वापस जमा करने होंगे। इसके बाद सीबीएसई नई मार्कशीट और नया प्रमाण पत्र जारी करेगा।
ऐसे करें ऑनलाइन आवेदन
पोस्ट रिजल्ट प्रक्रिया के लिए छात्र इन आसान चरणों का पालन कर सकते हैं।
- सबसे पहले सीबीएसई की आधिकारिक वेबसाइट पर जाएं।
- Post Result या Verification लिंक पर क्लिक करके लॉगिन करें।
- जिस सेवा के लिए आवेदन करना है, उसका चयन करें।
- आवेदन फॉर्म भरकर ऑनलाइन फीस जमा करें।
- आवेदन सबमिट करने के बाद कन्फर्मेशन पेज डाउनलोड कर सुरक्षित रख लें।
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