Fact Check: पीएम मोदी हर रविवार रात 8 बजे इंस्टाग्राम पर होंगे लाइव, जानें वायरल दावे का सच
Jul 26, 2026 07:10 pm ISTलाइव हिन्दुस्तान
फर्जी और भ्रामक पोस्ट लोगों को भ्रमित कर सकती हैं। ये अफवाहों को बढ़ावा देती हैं। ऐसे मामलों में सतर्क रहना और सूचना की पुष्टि करना प्रत्येक नागरिक की जिम्मेदारी है। इससे गलत जानकारी के फैलने पर रोक लगाने में मदद मिलेगी।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी।
भारत सरकार के प्रेस सूचना ब्यूरो (PIB) की फैक्ट चेक यूनिट ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से जुड़े एक वायरल दावे की सच्चाई बताई है। सोशल मीडिया पर पोस्ट में दावा किया, 'पीएम मोदी ने घोषणा की है कि वह हर रविवार रात 8 बजे इंस्टाग्राम पर लाइव आकर देश के युवाओं से संवाद करेंगे।' इस पोस्ट को तेजी से शेयर किया जा रहा था, जिसके बाद पीआईबी फैक्ट चेक ने इसकी जांच की। जांच के बाद PIB ने साफ किया कि प्रधानमंत्री की ओर से ऐसी कोई घोषणा नहीं की गई है। इसलिए सोशल मीडिया पर वायरल किया जा रहा यह दावा भ्रामक और पूरी तरह गलत है।
पीआईबी फैक्ट चेक ने अपने आधिकारिक बयान में कहा कि पीएम मोदी ने इंस्टाग्राम पर हर रविवार रात 8 बजे लाइव आने संबंधी कोई सूचना जारी नहीं की है। ऐसे में इस तरह की पोस्ट पर विश्वास करना उचित नहीं है। PIB ने यह भी कहा कि प्रधानमंत्री कार्यालय और भारत सरकार की सभी अहम घोषणाएं केवल आधिकारिक माध्यमों से जारी की जाती हैं। अगर किसी सूचना की पुष्टि इन आधिकारिक स्रोतों से नहीं होती है, तो उसे सही मानने से बचना चाहिए। पीआईबी ने नागरिकों से आग्रह किया है कि वे सोशल मीडिया पर वायरल अपुष्ट दावों का सच जाने बिना शेयर न करें, क्योंकि इससे गलत जानकारी तेजी से फैलती है।
फेक न्यूज को ना करें शेयर
फैक्ट चेक एजेंसी ने लोगों को सलाह दी है कि सरकारी योजनाओं, नीतियों और प्रधानमंत्री से जुड़ी किसी भी घोषणा की जानकारी केवल आधिकारिक सरकारी वेबसाइटों और सत्यापित सोशल मीडिया अकाउंट्स से ही हासिल करें। पीआईबी का कहना है कि फर्जी और भ्रामक पोस्ट लोगों को भ्रमित कर सकती हैं। ये अफवाहों को बढ़ावा देती हैं। ऐसे मामलों में सतर्क रहना और सूचना की पुष्टि करना प्रत्येक नागरिक की जिम्मेदारी है। इससे गलत जानकारी के प्रसार पर रोक लगाने में मदद मिलेगी और लोगों तक सही सूचना पहुंचेगी।
पीआईबी ने नागरिकों से अपील की है कि अगर उन्हें केंद्र सरकार से जुड़ा कोई संदिग्ध या भ्रामक कंटेन्ट सोशल मीडिया पर दिखाई दे तो उसकी सूचना तुरंत PIB फैक्ट चेक को दें। गलत सूचना को रोकने में आम नागरिकों की भूमिका भी अहम है। किसी भी वायरल दावे को साझा करने से पहले उसकी पुष्टि करना आवश्यक है, ताकि सोशल मीडिया पर फैलने वाली फर्जी खबरों और अफवाहों पर रोक लगाई जा सके। लाइव हिन्दुस्तान भी आपके लिए वायरल दावों का फैक्ट चेक सामने लाता रहता है। इसलिए संदिग्ध या फेक न्यूज को शेयर करने से बचना चाहिए।
