नया स्ट्रेन या पुराना वायरस और कितना खतरा? H1N1 पर ICMR ने दिया जवाब

प्रतीकात्मक फोटो Image Credit source: TV9
देश में फैल रहा इन्फ्लूएंजा A (H1N1) pdm09 वायरस A/Missouri/11/2025 (H1N1) pdm09-लाइक वायरस को लेकर भारतीय आयुर्विज्ञान अनुसंधान परिषद (ICMR) के वरिष्ठ वैज्ञानिकों ने बड़ी जानकारी साझा की है. वैज्ञानिकों का कहना है कि ये वायरस स्ट्रेन से संबंधित है. ये वायरस क्लेड 6B.1A.5a2a, सबक्लेड D.3.1.1 से संबंधित हैं और 2025 से ही प्रचलन में हैं.
वैज्ञानिकों ने स्पष्ट किया है कि H1N1 का कोई नया स्ट्रेन नहीं मिला है और घबराने की कोई बात नहीं है. वर्तमान में फैल रहे इन्फ्लूएंजा स्ट्रेन उत्तरी गोलार्ध के लिए अनुशंसित वैक्सीन स्ट्रेन से भी अच्छी तरह मेल खाते हैं.मौसमी इन्फ्लूएंजा, जिसमें H1N1 भी शामिल है, ज्यादातर अपने आप ठीक होने वाला (self-limiting) है. सामान्य लक्षणों में बुखार, खांसी, सिरदर्द और बदन दर्द शामिल हैं, और अधिकांश लोग उचित देखभाल और आराम से ठीक हो जाते हैं. ज्यादातर लोग घर पर आराम करके ही 3-4 दिनों में पूरी तरह ठीक हो जाते हैं.
इस वायरस से किन लोगों को खतरा?
वैज्ञानिकों के मुताबिक, छोटे बच्चे, बुजुर्ग और अंतर्निहित बीमारियों वाले व्यक्ति में जटिलताओं का खतरा अधिक हो सकता है. यदि लक्षण बने रहते हैं, बिगड़ जाते हैं या गंभीर हो जाते हैं, तो समय पर डॉक्टर से परामर्श लेने की सलाह दी जाती है. स्थिति पर नियमित निगरानी के माध्यम से बारीकी से नजर रखी जा रही है, और आवश्यक जन स्वास्थ्य उपाय किए जा रहे हैं.
वायरस के बारे में 5 जरूरी बातें
- कोई नया वैरिएंट नहीं: देश में वही H1N1 स्ट्रेन-A/Missouri/11/2025 मौजूद है जो पहले से ही था.
- यह वायरस (क्लेड 6B.1A.5a2a और सब-क्लेड D.3.1.1) पिछले साल से भारत में फैल रहा है.
- फ्लू की मौजूदा वैक्सीन इस वायरस के खिलाफ पूरी तरह असरदार हैं और सुरक्षा देती हैं.
- सही देखभाल, पर्याप्त तरल पदार्थ और भरपूर आराम से मरीज जल्दी ठीक हो जाते हैं.
- ICMR और स्वास्थ्य विभाग स्थिति पर लगातार नजर रख रहे हैं ताकि खतरा न बढ़े.
हर बुखार और खांसी का मतलब H1N1 नहीं
H1N1, या स्वाइन फ्लू में अचानक तेज बुखार, खांसी और गले में खराश जैसे लक्षण हो सकते हैं, साथ ही सिरदर्द, मांसपेशियों में दर्द और कमज़ोरी भी महसूस हो सकती है. ये लक्षण हर व्यक्ति में अलग-अलग हो सकते हैं. इसलिए, इस दौरान तेज बुखार, सर्दी या खांसी होने पर घबराना सही नहीं है.
घबराने की कोई जरूरत नहीं
ज्यादातर लोग बिना किसी गंभीर समस्या के फ्लू से ठीक हो जाते हैं। ज्यादातर मामलों में, बीमारी लगभग एक सप्ताह तक रहती है. अगर मरीज को बुखार और खांसी है लेकिन सांस सामान्य रूप से चल रही है, वे तरल पदार्थ पी पा रहे हैं, होश में हैं और उनकी हालत लगातार बिगड़ नहीं रही है, तो घबराने की कोई जरूरत नहीं है.

कुमार कुन्दन
साल 2004 में "जी न्यूज" से पत्रकारिता की शुरुआत किया। इसके बाद "टोटल टीवी", "न्यूज24", " इंडिया टीवी", इसके बाद "राजस्थान पत्रिका" अखबार और फिर टीवी 9 भारतवर्ष से जुड़ा.
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