High BP Control Tips : बिना दवा ब्लड प्रेशर मैनेज करने में मदद कर सकते हैं ये लाइफस्टाइल बदलाव
खराब जीवनशैली और असंतुलित खानपान की वजह से हाई ब्लड प्रेशर की समस्या अब आम होती जा रही है। दैनिक दिनचर्या में कुछ साधारण और असरदार बदलाव करके आप बिना किसी अतिरिक्त तनाव के अपने बीपी को सामान्य स्तर पर रख सकते हैं।
High BP Control Tips : आजकल की भागदौड़ भरी जिंदगी, अनहेल्दी खानपान और लगातार बढ़ता मानसिक तनाव लोगों को कम उम्र में ही हाई ब्लड प्रेशर का शिकार बना रहा है।
शुरुआत में लोग इसे सामान्य मानकर अनदेखा कर देते हैं, लेकिन लंबे समय तक बीपी बढ़ा रहने से दिल और गुर्दों की सेहत पर गंभीर असर पड़ सकता है।
अच्छी बात यह है कि हर बार ब्लड प्रेशर को काबू में रखने के लिए सिर्फ गोलियों पर निर्भर रहना जरूरी नहीं होता।
अगर सही समय पर आदतों में सुधार कर लिया जाए, तो बीपी को काफी हद तक प्राकृतिक रूप से नियंत्रित किया जा सकता है।
खानपान की प्लेट में करें यह बदलाव
हाई बीपी को मैनेज करने का सबसे पहला कदम अपनी डाइट को सुधारना है। भोजन में साबुत अनाज, ताजे फल, हरी सब्जियां और कम वसा वाले डेयरी उत्पादों की मात्रा बढ़ाएं।
संतृप्त वसा (सैचुरेटेड फैट) और कोलेस्ट्रॉल वाले खाने से दूरी बनाना ही समझदारी है। डॉक्टर अक्सर बीपी के मरीजों को डीएएसएच (DASH) डाइट फॉलो करने की सलाह देते हैं।
इसमें लीन मीट, दालें, बीन्स और मेवे शामिल होते हैं, जो शरीर को भरपूर फाइबर और प्रोटीन देते हैं।
नमक के छिपे स्रोतों से बचें
अक्सर लोग सोचते हैं कि ऊपर से नमक न लेने पर सोडियम कंट्रोल हो गया, लेकिन ऐसा नहीं है। बाजार में मिलने वाले पैक्ड फूड, रेडी-टू-ईट स्नैक्स, सूप और सॉस में काफी मात्रा में सोडियम छिपा होता है।
दिनभर में 1,500 मिलीग्राम से ज्यादा सोडियम लेने से बचें। जब भी कोई डिब्बाबंद सामान खरीदें, तो उसके पीछे लिखा न्यूट्रिशन लेबल जरूर चेक करें।
डाइट में बढ़ाएं पोटैशियम की मात्रा
शरीर में सोडियम के असर को कम करने के लिए पोटैशियम बेहद मददगार साबित होता है। एक सामान्य वयस्क को रोजाना 3,000 से 3,500 मिलीग्राम पोटैशियम की जरूरत होती है।
एक मध्यम आकार के केले से लगभग 420 मिलीग्राम पोटैशियम मिलता है।
छिलके समेत बेक किया हुआ आलू 900 मिलीग्राम से ज्यादा पोटैशियम देता है।
इसके अलावा पालक, शकरकंद, संतरा, दही और टमाटर भी इसके बेहतरीन स्रोत हैं।
ध्यान दें: अगर आपको किडनी से जुड़ी कोई समस्या है, तो पोटैशियम का सेवन बढ़ाने से पहले अपने डॉक्टर से परामर्श जरूर लें।
वजन और कमर के साइज पर रखें नजर
बढ़ता वजन ब्लड प्रेशर की समस्या को सीधे तौर पर बढ़ाता है। अगर आप अपने शरीर का थोड़ा सा भी वजन कम कर लेते हैं, तो बीपी के स्तर में तुरंत सुधार देखने को मिल सकता है।
वजन के साथ-साथ कमर के घेरे पर ध्यान देना भी जरूरी है। पुरुषों में 40 इंच और महिलाओं में 35 इंच से ज्यादा कमर का साइज हाई बीपी और दिल की बीमारियों के जोखिम को बढ़ा देता है।
रोजाना शारीरिक रूप से एक्टिव रहें
सुस्त जीवनशैली बीपी बढ़ने का मुख्य कारण है। हफ्ते में कम से कम 150 मिनट हल्की-फुल्की एक्सरसाइज या फिजिकल एक्टिविटी का लक्ष्य तय करें।
रोजाना 30 मिनट तेज टहलना (ब्रिस्क वॉक), साइकिल चलाना, स्विमिंग या डांस करना फेफड़ों और दिल की कार्यक्षमता को बेहतर बनाता है, जिससे बीपी सामान्य रहता है।
तनाव को दूर रखने के उपाय खोजें
लगातार मानसिक तनाव में रहने से शरीर में ऐसे हार्मोन्स बनते हैं जो ब्लड प्रेशर को अचानक बढ़ा देते हैं।
इसके अलावा तनाव में लोग अक्सर ओवरईटिंग, धूम्रपान या शराब का सहारा लेते हैं, जो स्थिति को और बिगाड़ देता है।
तनाव घटाने के लिए योग, मेडिटेशन या गहरी सांस लेने वाले प्राणायाम का अभ्यास करें।
अपनी पसंद के कामों जैसे गार्डनिंग, म्यूजिक सुनने या अपनों के साथ वक्त बिताने के लिए थोड़ा समय जरूर निकालें।