भारत में पहली बार धीमी पड़ सकती है iPhone की रफ्तार, Apple की शिपमेंट घटने का अनुमान, जानिए क्या है बड़ी वजह| Navbharat Live
Updated On: Aug 04, 2026 | 04:00 AM IST
विज्ञापन
सार
Apple के लिए चुनौतियां बढ़ती नजर आ रही हैं। बाजार शोध कंपनियों की रिपोर्ट्स में बताया जा रहा है कि साल 2026 में कई सालों बाद पहली बार भारत में iPhone शिपमेंट में गिरावट दर्ज हो सकती है।

Apple iPhone (Source. Apple)
विस्तार
Apple India: भारत में लगातार शानदार प्रदर्शन करने के बाद अब Apple के लिए चुनौतियां बढ़ती नजर आ रही हैं। बता दें कि बाजार शोध कंपनियों की रिपोर्ट्स में बताया जा रहा है कि साल 2026 में कई सालों बाद पहली बार भारत में iPhone शिपमेंट में गिरावट दर्ज हो सकती है। लेकिन इसकी वजह ग्राहकों की कमजोर मांग नहीं बल्कि सप्लाई की कमी, घटते फाइनेंस और एक्सचेंज ऑफर तथा पुराने iPhone मॉडल्स पर कम मिल रही छूट को माना जा रहा है। जिसको लेकर विशेषज्ञों का कहना है कि भारतीय बाजार में iPhone की लोकप्रियता अब भी बरकरार है लेकिन सीमित उपलब्धता बिक्री पर असर डाल सकती है।
सप्लाई की कमी बनी सबसे बड़ी चुनौती
बता दें कि IDC इंडिया और साउथईस्ट एशिया की रिसर्च मैनेजर उपासना जोशी के अनुसार, दिसंबर 2025 की तिमाही से ही Apple की भारत में ग्रोथ की रफ्तार धीमी पड़ने लगी थी। इसकी सबसे बड़ी वजह सप्लाई चेन से जुड़ी चुनौतियां रहीं जिनका असर पूरे स्मार्टफोन बाजार पर देखने को मिला।
वहीं रिपोर्ट में सामने आया है कि Apple ने पुराने iPhone मॉडल्स की आधिकारिक कीमतों में बढ़ोतरी नहीं की है लेकिन फाइनेंस स्कीम, एक्सचेंज ऑफर और अन्य डिस्काउंट पहले की तुलना में काफी कम हो गए हैं। इससे ग्राहकों के लिए iPhone खरीदना पहले से ज्यादा महंगा हो गया है। IDC के शुरुआती अनुमान के अनुसार 2026 की दूसरी तिमाही में भारत में कुल स्मार्टफोन शिपमेंट 11 से 12 प्रतिशत तक घटकर 3.2 से 3.4 करोड़ यूनिट रह सकती है जबकि iPhone शिपमेंट स्थिर रहने या करीब 1 प्रतिशत तक घटने की संभावना है।
सम्बंधित ख़बरें
रिसर्च फर्मों ने घटाया अनुमान, फेस्टिव ऑफर्स भी हो सकते हैं कम
IDC ने जानकारी दी है कि Apple ने 2025 में भारत में 1.43 करोड़ iPhone शिप किए थे लेकिन इस साल मिड-सिंगल डिजिट गिरावट का अनुमान लगाया गया है। इसकी वजह iPhone 15, iPhone 16 और iPhone 17 सीरीज की सीमित सप्लाई और iPhone 18 की संभावित देरी को माना जा रहा है। वहीं Counterpoint Research में सामने आया है कि अप्रैल-जून तिमाही में भारत में Apple की iPhone शिपमेंट सालाना आधार पर 3 प्रतिशत घटी जबकि पूरे स्मार्टफोन बाजार में 10 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई। वहीं रिपोर्ट्स यह भी संकेत देती हैं कि इस बार फेस्टिव सीजन में पुराने iPhone मॉडल्स पर मिलने वाली छूट और एक्सचेंज ऑफर पहले की तुलना में कम रह सकते हैं।
ये भी पढ़े: Waste To Wealth: जहरीला पानी साफ करने का हथियार बनेगा कोल गैंग्यू, एक नई रिसर्च से जगी उम्मीद
मांग अब भी मजबूत, लेकिन अगले कुछ महीने होंगे अहम
इसको लेकर विश्लेषकों का मानना है कि मौजूदा गिरावट अस्थायी हो सकती है क्योंकि भारत अब भी Apple के सबसे तेजी से बढ़ते बाजारों में शामिल है। कंपनी के CEO टिम कुक ने भी हालिया अर्निंग्स कॉल में भारत को प्रमुख ग्रोथ मार्केट बताया और जून तिमाही में रिकॉर्ड राजस्व मिलने की जानकारी दी। अब बाजार की नजर आने वाले महीनों में सप्लाई, चैनल इन्वेंट्री, फेस्टिव सीजन की डिमांड और ग्राहकों के अपग्रेड ट्रेंड पर रहेगी। यदि सप्लाई सामान्य होती है तो Apple दोबारा मजबूत वापसी कर सकता है, लेकिन फिलहाल iPhone खरीदने वालों को कम ऑफर्स और सीमित उपलब्धता का सामना करना पड़ सकता है।
