चपरासी भर्ती की MBC कैटेगरी में 'शर्मा-सैनी' के नाम: विजय बैंसला ने कहा- रिजल्ट रद्द हो; बोर्ड चेयरमैन बोले- शिकायत मिली तो होगी जांच - Jaipur News
जयपुर5 घंटे पहले
कॉपी लिंक
राजस्थान में चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी (चपरासी) सीधी भर्ती-2024 की चयन प्रक्रिया को लेकर विवाद सामने आया है। परिवहन विभाग की ओर से 12 अगस्त को जारी पोस्टिंग और ऑफिस आवंटन आदेश में अति पिछड़ा वर्ग (MBC) के तहत दो ऐसे अभ्यर्थियों के नाम सामने आए हैं, जिनके सरनेम को लेकर सवाल उठाए जा रहे हैं।
लिस्ट में रविकांत सैनी का मेरिट नंबर 1158 है, उन्हें MBC श्रेणी में दर्शाते हुए मुख्यालय में पोस्टिंग दी गई है। वहीं, विमल कुमार शर्मा का मेरिट नंबर 1376 है, उन्हें MBC श्रेणी में रखते हुए RTO भरतपुर (इन्फोर्समेंट) में पोस्टिंग दी गई।
गुर्जर नेता विजय बैंसला ने राज्य सरकार और संबंधित विभाग से पूरी प्रक्रिया स्पष्ट करने की मांग की है। उन्होंने लिस्ट को तत्काल निरस्त कर पात्रता की दोबारा जांच कराने और संशोधित सूची जारी करने की मांग की है।
वहीं, राजस्थान कर्मचारी चयन बोर्ड के चेयरमैन आलोक राज ने कहा है कि फिलहाल इस संबंध में बोर्ड के पास कोई आधिकारिक शिकायत या विवाद नहीं पहुंचा है। अगर शिकायत आती है तो मामले की जांच कराई जाएगी।
इन दो पोस्टिंग पर हुआ विवाद।
आरक्षण नियमों को लेकर बहस
मामला सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर अभ्यर्थियों और युवाओं के बीच आरक्षण व्यवस्था को लेकर बहस शुरू हो गई है। कुछ अभ्यर्थियों का कहना है कि अगर लिस्ट में श्रेणी निर्धारण को लेकर गलती हुई है तो इससे वास्तविक पात्र MBC अभ्यर्थियों के अधिकार प्रभावित हो सकते हैं।
विजय बैंसला ने कहा- लिस्ट तत्काल निरस्त हो
गुर्जर नेता विजय बैंसला ने कहा- अगर यह डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन के बाद जारी की गई अंतिम चयन सूची है तो पूरे मामले की गंभीरता से जांच होनी चाहिए। बैंसला ने कहा कि योग्य अभ्यर्थियों के अधिकार और आरक्षण व्यवस्था के साथ किसी भी तरह की अनियमितता या लापरवाही स्वीकार नहीं की जा सकती।
चेयरमैन बोले- अभी बोर्ड तक कोई शिकायत नहीं
इस मामले पर राजस्थान कर्मचारी चयन बोर्ड के चेयरमैन आलोक राज ने कहा- रिजल्ट में आरक्षण को लेकर विभाग की ओर से जो निर्देश बोर्ड को मिलते हैं, उसी के आधार पर रिजल्ट जारी किया जाता है। फिलहाल उन्हें इस मामले में किसी आधिकारिक शिकायत की जानकारी नहीं है।
जानबूझकर गलती हुई तो कार्रवाई, अनजाने में हुई तो सुधार
बोर्ड चेयरमैन ने कहा- अगर जांच में यह सामने आता है कि किसी स्तर पर जानबूझकर गड़बड़ी की गई है तो संबंधित व्यक्ति के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। वहीं, यह गलती अनजाने में हुई है तो उसमें सुधार किया जाएगा।
आगे क्या हो सकता है…
संबंधित विभाग के आधिकारिक स्पष्टीकरण का इंतजार है। यह स्पष्ट होना बाकी है कि सूची में दर्ज दोनों अभ्यर्थियों को MBC श्रेणी में किस आधार पर शामिल किए गए और क्या उनके पास इस श्रेणी के लिए वैध दस्तावेज मौजूद हैं। ऐसे में अगर विभागीय जांच में कोई गलती सामने आती है तो सूची में आवश्यक संशोधन करना होगा।
.
खबरें और भी हैं...
अलवर में तेल पैकिंग फैक्ट्री में लगी भीषण आग: दीवार गिरी, सड़क पर बहा सरसों का तेल; 25 से ज्यादा दमकलों ने 150 चक्कर लगाए
1:21
कॉपी लिंक
शेयर
खेलते समय कूलर से करंट लगा, 3 बहनों की मौत: घर में अकेली ही थीं बच्चियां, परिवार खेत पर काम करने गया था
0:46
कॉपी लिंक
शेयर
जयपुर- ध्वजारोहण के समय भाजपा कार्यकर्ता को आया हार्ट अटैक: बीकानेर में सीएम बोले- 70 हजार पदों पर भर्ती की तैयारी,हम बिजली खरीद नहीं,बेच रहे हैं
2:47
कॉपी लिंक
शेयर
ग्राउंड रिपोर्ट
जयपुर में हॉस्पिटल की 24वीं मंजिल पर उतरेंगी एयर एंबुलेंस: दिन में ही टैकऑफ-लैंडिंग हो सकेगी; गंभीर मरीजों को मिलेगा फायदा1:49