Monsoon Skin and Hair Care: क्या बारिश में भीगने से बढ़ता है हेयर फॉल और स्किन एलर्जी? जानिए सच
Mon, 20 Jul 2026 09:49 AM IST
Shruti Gaur
हेल्थ डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
हेल्थ डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: Shruti Gaur Updated Mon, 20 Jul 2026 09:49 AM IST
सार
Does Rain Water Harm Skin And Hair: मानसून का मौसम आ गया है। ऐसे में बहुत से लोग बारिश के आते ही उसमें भीगना शुरू कर देते हैं। लेकिन ये आदत आपके बाल और स्किन के लिए कितनी सही है, आइए इस बारे में आज बात करते हैं।
Does Rain Water Harm Skin And Hair: मानसून का मौसम अपने साथ ठंडी हवाएं और बारिश की फुहारें लेकर आता है। बारिश में भीगना ज्यादातर लोगों को पसंद होता है, लेकिन क्या यह आपकी त्वचा और बालों के लिए सुरक्षित है?
विशेषज्ञों के अनुसार, पहली बारिश का पानी वातावरण में मौजूद धूल, धुआं, बैक्टीरिया और कई तरह के प्रदूषकों को अपने साथ लेकर आता है, जिससे स्किन और हेयर को नुकसान पहुंच सकता है।
हालांकि, अगर सही देखभाल की जाए और बारिश में भीगने के बाद त्वचा व बालों की तुरंत सफाई कर ली जाए, तो इन समस्याओं से काफी हद तक बचा जा सकता है। आइए जानते हैं कि बारिश का पानी स्किन और बालों पर क्या असर डालता है और इससे बचाव के लिए किन बातों का ध्यान रखना चाहिए।
क्या बारिश का पानी आपकी त्वचा और बालों के लिए सुरक्षित है? - फोटो : AI
बारिश का पानी स्किन पर कैसे असर डालता है?
1. स्किन में जलन और एलर्जी की समस्या
बारिश का पानी पूरी तरह शुद्ध नहीं होता। खासकर पहली बारिश में वातावरण में मौजूद धूल, धुआं, केमिकल्स और प्रदूषक पानी के साथ मिल जाते हैं। ऐसे में संवेदनशील त्वचा वाले लोगों को खुजली, लालपन, जलन और एलर्जी की शिकायत हो सकती है।
2. फंगल इंफेक्शन का खतरा बढ़ जाता है
मानसून के मौसम में नमी अधिक रहती है। यदि आप बारिश में भीगने के बाद लंबे समय तक गीले कपड़ों में रहते हैं, तो शरीर के उन हिस्सों में फंगस तेजी से पनप सकता है जहां पसीना और नमी अधिक रहती है। इससे दाद, खुजली और रैशेज जैसी समस्याएं हो सकती हैं।
3. मुंहासे और ऑयली स्किन की परेशानी
बारिश के मौसम में हवा में नमी बढ़ने से त्वचा ज्यादा ऑयली हो सकती है। अगर बारिश का गंदा पानी चेहरे पर सूख जाए और उसे साफ न किया जाए, तो रोमछिद्र (Pores) बंद हो सकते हैं, जिससे पिंपल्स और ब्लैकहेड्स की समस्या बढ़ सकती है।
4. त्वचा की प्राकृतिक सुरक्षा पर असर
बारिश के पानी में मौजूद प्रदूषक त्वचा की बाहरी सुरक्षा परत को प्रभावित कर सकते हैं। इससे त्वचा रूखी, बेजान और संवेदनशील महसूस हो सकती है।
क्या बारिश का पानी आपकी त्वचा और बालों के लिए सुरक्षित है? - फोटो : AI
बारिश का पानी बालों पर कैसे असर डालता है?
1. बालों की नमी कम हो सकती है
बारिश का पानी बालों की प्राकृतिक नमी और तेल को प्रभावित कर सकता है। इसके कारण बाल ड्राई, फ्रिजी और बेजान दिखने लगते हैं।
2. हेयर फॉल की समस्या
गीले बाल सबसे कमजोर होते हैं। यदि बारिश में भीगने के बाद बालों को ठीक से साफ और सुखाया नहीं जाए, तो स्कैल्प पर गंदगी जमा हो सकती है, जिससे बाल टूटने और झड़ने की संभावना बढ़ जाती है।
3. डैंड्रफ और स्कैल्प इंफेक्शन
बारिश के बाद लंबे समय तक गीले बाल रखने से स्कैल्प में नमी बनी रहती है। इससे फंगस और बैक्टीरिया पनप सकते हैं, जो डैंड्रफ, खुजली और स्कैल्प इंफेक्शन का कारण बन सकते हैं।
4. बाल उलझने और टूटने लगते हैं
बारिश के पानी में मौजूद प्रदूषक और नमी बालों की क्यूटिकल लेयर को प्रभावित कर सकते हैं। इससे बाल अधिक उलझते हैं और कंघी करने पर आसानी से टूट सकते हैं।
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क्या बारिश का पानी आपकी त्वचा और बालों के लिए सुरक्षित है? - फोटो : AI
बारिश में भीगने के बाद क्या करें?
- साफ पानी से बाल और चेहरा जरूर धोएं
- माइल्ड शैंपू और कंडीशनर का इस्तेमाल करें
- स्किन को अच्छी तरह सुखाकर मॉइस्चराइजर लगाएं
- गीले बालों में कंघी न करें
- ज्यादा देर तक गीले कपड़े न पहनें
- फंगल इंफेक्शन से बचने के लिए शरीर को सूखा रखें
- पर्याप्त पानी पिएं और संतुलित आहार लें
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क्या बारिश का पानी आपकी त्वचा और बालों के लिए सुरक्षित है? - फोटो : Adobe Stock
क्या सभी लोगों के लिए बारिश में भीगना नुकसानदायक है?
बारिश में थोड़ी देर भीगना हर व्यक्ति के लिए नुकसानदायक नहीं होता। हालांकि, जिन लोगों की त्वचा संवेदनशील है, जिन्हें एक्जिमा, सोरायसिस, एलर्जी, बार-बार फंगल इंफेक्शन या अत्यधिक हेयर फॉल की समस्या रहती है, उन्हें बारिश में भीगने से बचना चाहिए। पहली बारिश में भीगने की बजाय कुछ दिनों बाद होने वाली साफ बारिश अपेक्षाकृत बेहतर मानी जाती है। यदि बारिश में भीगने के बाद त्वचा पर लगातार खुजली, रैशेज, फफोले, तेज बाल झड़ना या स्कैल्प में संक्रमण जैसी समस्या दिखाई दे, तो त्वचा रोग विशेषज्ञ से सलाह लेना उचित रहेगा।
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नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्टस के आधार पर तैयार किया गया है।
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