PM Modi Mumbai Visit: प्रधानमंत्री के कार्यक्रम से ठीक पहले फर्जी PMO अधिकारी और हथियार के साथ दो संदिग्ध हिरासत में, जांच जारी - Haribhoomi
मुंबई के बीकेसी में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कार्यक्रम से पहले एनएमएसीसी से फर्जी पीएमओ अधिकारी और गन के साथ दो लोगों को हिरासत में लिया गया है।
मुंबई में पीएम मोदी के कार्यक्रम से पहले फर्जी पीएमओ अधिकारी और गन के साथ दो संदिग्ध हिरासत में लिए गए। (File Photo)
- Published: 08 Sep 2026, 04:44 PM IST
- Last Updated: 08 Sep 2026, 04:44 PM IST
PM Modi event Mumbai: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मुंबई दौरे और उनके कार्यक्रम से ठीक पहले सुरक्षा एजेंसियों ने एक बड़ी संदिग्ध गतिविधि का खुलासा किया है। मुंबई पुलिस ने बांद्रा-कुर्ला कॉम्प्लेक्स (BKC) स्थित नीता मुकेश अंबानी कल्चरल सेंटर (NMACC) के कार्यक्रम स्थल से दो संदिग्धों को हिरासत में लिया है। इनमें से एक 24 वर्षीय युवक खुद को प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) का अधिकारी बता रहा था, जबकि उसके साथ चल रहे उसके बॉडीगार्ड के पास से एक बंदूक (गन) भी बरामद की गई है।
पीएम मोदी के कार्यक्रम से पहले स्थल पर हुई कार्रवाई
मुंबई पुलिस से मिली आधिकारिक जानकारी के अनुसार, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कार्यक्रम में शामिल होने वाले इस वेन्यू पर सुरक्षा व्यवस्था के दौरान दो लोगों को संदिग्ध परिस्थितियों में पकड़ा गया। पुलिस ने बताया कि एनएमएसीसी (NMACC) परिसर में मौजूद 24 साल का एक शख्स खुद को पीएमओ का प्रतिनिधि या अधिकारी बताकर रौब झाड़ रहा था।
उसके साथ उसका निजी सुरक्षा गार्ड भी मौजूद था, जिसके पास हथियार (गन) था। स्थिति की गंभीरता को भांपते हुए सुरक्षाकर्मियों और स्थानीय पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए दोनों व्यक्तियों को अपनी हिरासत में ले लिया।
मुंबई क्राइम ब्रांच कर रही है मामले की गहन छानबीन
इस सनसनीखेज घटना के सामने आने के बाद अब मुंबई पुलिस की क्राइम ब्रांच इस पूरे मामले की परतें टटोलने में जुट गई है। क्राइम ब्रांच यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि आखिर ये दोनों संदिग्ध किस इरादे से और किन परिस्थितियों में वीवीआईपी कार्यक्रम स्थल तक पहुंचे थे।
इसके अलावा, युवक द्वारा खुद को पीएमओ का अधिकारी बताने वाले दावों और उसके पास से बरामद हथियार के लाइसेंस व अन्य कागजातों की भी बारीकी से जांच की जा रही है। प्रधानमंत्री के दौरे से ठीक पहले इस तरह की सुरक्षा चूक और फर्जीवाड़े की कोशिश ने सुरक्षा एजेंसियों को और अधिक सतर्क कर दिया है।