दतिया उपचुनाव: चुनावी दंगल आखिरी दौर में, प्रचार के आखिरी पालो में दोनों दलों ने झोंकी ताकत| Navbharat Live

दतिया उपचुनाव: चुनावी दंगल आखिरी दौर में, प्रचार के आखिरी पालो में दोनों दलों ने झोंकी ताकत

विज्ञापन

सार

Datia By Election: दतिया उपचुनाव में कांग्रेस ने झोंकी पूरी ताकत, जीतू पटवारी और दिग्विजय सिंह संभाल रहे मोर्चा, नरोत्तम मिश्रा का टिकट कटने से बदले समीकरण और ASP की एंट्री से मुकाबला हुआ दिलचस्प।

Datia Bypoll, Datia Election, Datia Assembly By-election, BJP, Congress, MP Politics, Madhya Pradesh News, Election Campaign, Datia News, Political Rally, Poll Campaign, Breaking News MP, Latest Datia News, By-election News, MP Election

दतिया चुनावी दंगल का फाइनल दौर (सोर्स- सोशल मीडिया)

विस्तार

Datia By Election Campaign Final Phase: दतिया विधानसभा उपचुनाव में राजनीतिक सरगर्मी लगातार बढ़ती जा रही है। भाजपा के गढ़ माने जाने वाले दतिया में कांग्रेस इस बार पूरी ताकत के साथ मैदान में उतरी है। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी खुद चुनावी कमान संभाले हुए हैं और लगातार क्षेत्र का दौरा कर रहे हैं।

उनके साथ पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह, जयवर्धन सिंह और पूर्व मंत्री सचिन यादव जैसे वरिष्ठ नेता भी चुनाव प्रचार में सक्रिय हैं। कांग्रेस का लक्ष्य भाजपा के मजबूत किले में सेंध लगाकर उपचुनाव में जीत दर्ज करना है। यही वजह है कि पार्टी ने गांव-गांव तक अपने प्रचार अभियान को तेज कर दिया है।

राजेंद्र भारती प्रचार से दूर, अवधेश नायक निभा रहे अहम भूमिका

कांग्रेस के वरिष्ठ नेता राजेंद्र भारती स्वास्थ्य कारणों से चुनाव प्रचार से दूरी बनाए हुए हैं। हाल ही में उनकी बड़ी सर्जरी हुई है और आंखों की समस्या के चलते वे सार्वजनिक कार्यक्रमों में शामिल नहीं हो पा रहे हैं। हालांकि, प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी हर दो-तीन दिन में उनसे मुलाकात कर चुनावी रणनीति पर चर्चा कर रहे हैं। दूसरी ओर, टिकट के प्रमुख दावेदार रहे अवधेश नायक पार्टी प्रत्याशी घनश्याम सिंह के समर्थन में पूरी सक्रियता से प्रचार कर रहे हैं। वे लगातार गांवों में जनसंपर्क कर कांग्रेस के पक्ष में माहौल बनाने का प्रयास कर रहे हैं।

सम्बंधित ख़बरें

नरोत्तम मिश्रा का टिकट कटने से बदले समीकरण, कांग्रेस की नजर नाराज वोटरों पर

इस चुनाव में सबसे ज्यादा चर्चा भाजपा के वरिष्ठ नेता और पूर्व गृह मंत्री डॉ. नरोत्तम मिश्रा का टिकट कटने की रही। भाजपा ने उनकी जगह आशुतोष तिवारी को उम्मीदवार बनाया है। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि इस फैसले से पार्टी के कुछ कार्यकर्ताओं और ब्राह्मण समाज के एक वर्ग में नाराजगी देखने को मिली है। कांग्रेस इसी असंतोष को अपने पक्ष में भुनाने की रणनीति पर काम कर रही है। पार्टी को उम्मीद है कि भाजपा के भीतर की नाराजगी उपचुनाव में उसे राजनीतिक फायदा पहुंचा सकती है।

आजाद समाज पार्टी की एंट्री से मुकाबला और दिलचस्प

दतिया उपचुनाव में आजाद समाज पार्टी भी मुकाबले को त्रिकोणीय बनाने की कोशिश में है। पार्टी ने दामोदर यादव को मैदान में उतारा है, जिससे चुनावी समीकरण बदलते नजर आ रहे हैं। दतिया विधानसभा क्षेत्र में करीब 16 हजार जाटव और अहिरवार मतदाता निर्णायक भूमिका में माने जाते हैं।

यह भी पढ़ें: MP में अब नो-मीटिंग फ्राइडे: हर शुक्रवार जनता के बीच होंगे सीएम, मंत्री और अफसर; शुरू होगा जन विश्वास अभियान

वहीं, युवा मतदाताओं के बीच भीम आर्मी और उसके प्रमुख चंद्रशेखर आजाद का बढ़ता प्रभाव भी चर्चा का विषय है। राजनीतिक जानकारों का मानना है कि यदि आजाद समाज पार्टी दलित और युवा वोटों में सेंध लगाने में सफल रही तो इसका असर कांग्रेस के परंपरागत वोट बैंक पर पड़ सकता है, जिससे मुकाबला और अधिक रोचक हो जाएगा।

Follow Navbharatlive whatsapp