दिल्ली-हरिद्वार हाईवे आज से बंद: कांवड़ यात्रा के बीच इन रास्तों से बचें, जानें नया रूट प्लान

दिल्ली-हरिद्वार हाईवे आज से सभी प्राइवेट गाड़ियों के लिए पूरी तरह बंद कर दिया गया है। पवित्र कांवड़ यात्रा को देखते हुए यह पाबंदी 12 अगस्त तक लागू रहेगी। ट्रैफिक को संभालने के लिए भारी वाहनों पर रोक तो जुलाई के आखिर से ही लगी हुई थी, लेकिन अब आम यात्रियों को भी नेशनल हाईवे 58 (NH-58) और गंगनहर पटरी मार्ग से बचने की सलाह दी गई है।

गाजियाबाद और मेरठ में पुलिस ने ट्रैफिक जाम से बचने के लिए कड़े डायवर्जन लागू किए हैं। ये मुख्य सड़कें अब सिर्फ गंगा जल लेने जा रहे कांवड़ियों के लिए रिजर्व रहेंगी। अगर आप उत्तराखंड जाने की सोच रहे हैं, तो भारी देरी और अचानक लगने वाले रोड ब्लॉक के लिए तैयार रहें। श्रद्धालुओं की सुरक्षा और सुचारू आवाजाही सुनिश्चित करने के लिए प्रशासन ड्रोन के जरिए इन रास्तों की निगरानी कर रहा है।

Delhi-Haridwar Highway Closed 2026: Traffic Diversions, Alternative Routes, and Travel Tips

दिल्ली-हरिद्वार हाईवे बंद: इन वैकल्पिक रास्तों का करें इस्तेमाल

हरिद्वार या देहरादून जाने वाले यात्रियों को अब हापुड़ के रास्ते नेशनल हाईवे 9 (NH-9) का इस्तेमाल करना चाहिए। मुरादाबाद और नजीबाबाद होते हुए आप सुरक्षित तरीके से पहाड़ी रास्तों तक पहुंच सकते हैं। हालांकि, इस रूट से आप भीड़भाड़ से तो बच जाएंगे, लेकिन आपके सफर में थोड़ा ज्यादा समय लग सकता है। पश्चिमी उत्तर प्रदेश से आने वाले लोगों के लिए सहारनपुर-रुड़की मार्ग भी एक अच्छा विकल्प है।

गंतव्य वैकल्पिक रास्ता अनुमानित अतिरिक्त समय
हरिद्वार हापुड़ और नजीबाबाद के रास्ते NH-9 90 से 120 मिनट
देहरादून पोंटा साहिब या सहारनपुर रूट 60 से 90 मिनट

मौजूदा हालात में हरिद्वार पहुंचने के लिए भारतीय रेलवे सबसे भरोसेमंद जरिया है। वंदे भारत एक्सप्रेस जैसी ट्रेनों से आप बिना किसी रोड ब्लॉक की टेंशन के आरामदायक सफर कर सकते हैं। हालांकि वोल्वो बसें अभी भी चल रही हैं, लेकिन उन्हें बिजनौर के रास्ते लंबे रूट से डायवर्ट किया गया है। कांवड़ यात्रा की भारी भीड़ को देखते हुए टिकट पहले से बुक करना ही समझदारी होगी।

दिल्ली-हरिद्वार यात्रा और दर्शन के लिए जरूरी टिप्स

अगर आप हर की पौड़ी जाने का प्लान बना रहे हैं, तो शाम की भारी भीड़ से बचने के लिए समय का खास ख्याल रखें। शाम की गंगा आरती में हजारों श्रद्धालु जुटते हैं, जिससे नदी के पास पार्किंग मिलना लगभग नामुमकिन हो जाता है। बेहतर होगा कि आप आरती शुरू होने से कम से कम दो घंटे पहले वहां पहुंच जाएं। पुलिस ने मुख्य मंदिर क्षेत्र से कई किलोमीटर दूर पार्किंग जोन बनाए हैं।

यात्री लेटेस्ट ट्रैफिक अपडेट के लिए मेरठ पुलिस के आधिकारिक सोशल मीडिया हैंडल चेक करते रहें। हाईवे पर सुविधाओं और दुकानों पर भारी भीड़ हो सकती है, इसलिए अपने साथ जरूरी दवाइयां और पानी जरूर रखें। प्रशासन की एडवाइजरी मानकर आप बड़े रोड ब्लॉक के बावजूद अपनी यात्रा को आसान बना सकते हैं। पहले से की गई प्लानिंग आपकी इस धार्मिक यात्रा के सुकून को बनाए रखेगी।