स्वतंत्रता दिवस समारोह में छत्तीसगढ़ी लोककला की धूम : सरगुजा संभाग ने मारी बाजी, दुर्ग दूसरे और रायपुर तीसरे स्थान पर - Haribhoomi
स्वतंत्रता दिवस समारोह में छत्तीसगढ़ी लोककला की धूम : सरगुजा संभाग ने मारी बाजी, दुर्ग दूसरे और रायपुर तीसरे स्थान पर
रायपुर के पुलिस परेड ग्राउंड में स्वतंत्रता दिवस समारोह में 850 विद्यार्थियों ने लोककला और देशभक्ति की प्रस्तुति दी। सरगुजा प्रथम, दुर्ग द्वितीय रहा।
स्कूली विद्यार्थियों ने सीएम विष्णुदेव साय के सामने दी प्रस्तुति
- Published: 15 Aug 2026, 01:51 PM IST
- Last Updated: 15 Aug 2026, 02:03 PM IST
रायपुर। राजधानी के पुलिस परेड ग्राउंड में आयोजित राज्य स्तरीय स्वतंत्रता दिवस समारोह में स्कूली विद्यार्थियों की शानदार सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने दर्शकों का मन मोह लिया। प्रदेशभर से पहुंचे करीब 850 स्कूली विद्यार्थियों ने छत्तीसगढ़ की लोककला, संस्कृति और देशभक्ति से ओत-प्रोत प्रस्तुतियां देकर समारोह में समां बांध दिया।
सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के बीच आयोजित प्रतियोगिता में छत्तीसगढ़ उत्तर क्षेत्र सरगुजा संभाग ने प्रथम स्थान हासिल किया। वहीं पश्चिम क्षेत्र दुर्ग संभाग दूसरे और मध्य क्षेत्र रायपुर संभाग तीसरे स्थान पर रहा। मुख्यमंत्री ने विजेता विद्यार्थियों को शील्ड और मेडल देकर सम्मानित किया।

सरगुजा के 286 विद्यार्थियों ने पेश की देशभक्ति की शानदार प्रस्तुति
सरगुजा संभाग के 286 छात्र-छात्राओं ने ‘वंदे मातरम, जय हिंद हम सबका अभिमान’ जैसे रिमिक्स गीतों पर देशभक्ति से भरपूर प्रस्तुति दी। नृत्य और गीत के माध्यम से विद्यार्थियों ने वंदे मातरम के 150 वर्षों की तपस्या, मातृभूमि के प्रति अनंत प्रेम और युवा शक्ति से नई ऊंचाइयों को छूते भारत की तस्वीर को आकर्षक अंदाज में प्रस्तुत किया।
दुर्ग संभाग की प्रस्तुति ने भी जीता दिल
पश्चिम क्षेत्र दुर्ग संभाग के 277 विद्यार्थियों ने ‘सजता, संवरता, निखरता ये देश’ गीत पर मनमोहक नृत्य प्रस्तुत किया। विद्यार्थियों ने विभिन्न अवसरों पर होने वाले नृत्यों की सुंदर झलक अपनी प्रस्तुति में दिखाई। कदमों की लय, ऊर्जा और भाव-भंगिमाओं के जरिए बच्चों ने राष्ट्रप्रेम की भावना को प्रभावी ढंग से मंच पर उतारा।

रायपुर के विद्यार्थियों ने दिखाया सैनिकों का शौर्य
मध्य क्षेत्र रायपुर संभाग के 280 बच्चों ने ‘संकल्प बोल के हम तो निकल पड़े’ फ्यूजन गीत पर मनोरम प्रस्तुति दी। इस प्रस्तुति में विद्यार्थियों ने देश के सैनिकों के शौर्य, त्याग और बलिदान की गाथा को नृत्य और संगीत के माध्यम से जीवंत कर दिया। राज्य स्तरीय स्वतंत्रता दिवस समारोह में विद्यार्थियों की इन प्रस्तुतियों ने न केवल दर्शकों की तालियां बटोरीं, बल्कि छत्तीसगढ़ की समृद्ध लोककला, संस्कृति और राष्ट्रभक्ति की भावना को भी प्रभावी ढंग से सामने रखा।
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