झारखंड कैबिनेट का फैसला: मेडिकल कॉलेजों में सीटें बढ़ेंगी, सभी थानों में सीसीटीवी, विशेषज्ञ डॉक्टरों की रिटायरमेंट की उम्र घटी
रांची। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की अध्यक्षता में मंगलवार को हुई झारखंड मंत्रिपरिषद की बैठक में शिक्षा, स्वास्थ्य, ग्रामीण विकास, कृषि, पुलिसिंग, भवन एवं पथ निर्माण, पर्यटन सहित अन्य विभागों से जुड़े 53 प्रस्तावों को मंजूरी दी गई।
कैबिनेट के फैसलों में मेडिकल कॉलेजों में एमबीबीएस और पीजी सीटों की संख्या बढ़ाने, 100 स्कूलों को मुख्यमंत्री उत्कृष्ट विद्यालय के रूप में विकसित करने, राज्य के सभी 606 थानों को सीसीटीवी नेटवर्क से जोड़ने और बालिकाओं के स्वास्थ्य एवं शिक्षा के लिए बड़ी राशि मंजूर करने जैसे महत्वपूर्ण निर्णय शामिल हैं।
बैठक में लिए गए फैसलों की जानकारी देते हुए कैबिनेट सचिव वंदना डाडेल ने बताया कि, सरकारी सेवा में कार्यरत गैर-शैक्षणिक और विशेषज्ञ चिकित्सकों की सेवानिवृत्ति उम्र 67 वर्ष से घटाकर 65 वर्ष कर दी गई है। कोरोना काल में चिकित्सकों की जरूरत को देखते हुए सेवानिवृत्ति उम्र में दो वर्ष की बढ़ोतरी की गई थी। अब सरकार ने उस व्यवस्था को बदलते हुए उम्र सीमा फिर 65 वर्ष करने का निर्णय लिया है। पुलिस व्यवस्था में तकनीक के इस्तेमाल को बढ़ाने के लिए राज्य के सभी 606 थानों में सीसीटीवी कैमरे लगाने का फैसला लिया गया है। इस परियोजना पर करीब 90 करोड़ रुपये खर्च होंगे। इससे थानों में होने वाली महत्वपूर्ण गतिविधियों की रिकॉर्डिंग उपलब्ध रहेगी और जरूरत पड़ने पर जांच में सीसीटीवी फुटेज का इस्तेमाल किया जा सकेगा।
जमशेदपुर स्थित एमजीएम मेडिकल कॉलेज में एमबीबीएस सीटों की संख्या बढ़ाने और आधारभूत संरचना के सुदृढ़ीकरण के लिए वित्तीय वर्ष 2026-27 से 2029-30 तक 393 करोड़ रुपये की स्वीकृति दी गई। धनबाद स्थित शहीद निर्मल महतो मेडिकल कॉलेज में यूजी सीटों को 100 से बढ़ाकर 250 करने तथा पीजी सीटों में वृद्धि और आधारभूत संरचना के विकास के लिए 275 करोड़ रुपये मंजूर किए गए हैं।
सरकारी अस्पतालों में चिकित्सकों की संविदा आधारित नियुक्ति के लिए चिकित्सक नियुक्ति नियमावली-2026 को भी कैबिनेट में मंजूरी दी गई है। सरकारी विद्यालयों में कक्षा छह से 12 तक पढ़ने वाली छात्राओं के लिए सेनेटरी नैपकिन वितरण योजना के तहत 124 करोड़ 37 लाख रुपये की स्वीकृति दी गई है।
शिक्षा के क्षेत्र में 100 स्कूलों को मुख्यमंत्री उत्कृष्ट विद्यालय के रूप में विकसित करने के लिए 721 करोड़ रुपये की स्वीकृति दी गई है। प्राथमिक विद्यालयों के समग्र विकास के लिए वित्तीय वर्ष 2027-28 से 2028-29 तक ज्ञानोदय योजना के तहत 73 करोड़ रुपये और कक्षा छह से आठ तक के विद्यार्थियों के लिए स्टूडेंट्स डायरी उपलब्ध कराने के लिए 27 करोड़ रुपये मंजूर किए गए हैं।
युवाओं और विद्यार्थियों में शोध एवं नवाचार को बढ़ावा देने के लिए झारखंड छात्र अनुसंधान नवाचार नीति-2026 के गठन को भी मंजूरी दी गई है। ग्रामीण क्षेत्रों के समग्र विकास के लिए वीवीग्राम जी योजना को भी कैबिनेट ने स्वीकृति प्रदान की है। कैबिनेट ने कृषि क्षेत्र में किसानों की विशिष्ट आईडी बनाने के कार्य को मंजूरी दी है।
कृषि विभाग में संविदा पर कार्यरत 12 कनीय अभियंताओं की सेवाओं को नियमित करने का भी निर्णय लिया गया है। ग्रामीण क्षेत्रों में पुलों के नियमित रखरखाव के लिए झारखंड पुल अनुश्रवण नीति को मंजूरी दी गई है। सड़क और आधारभूत संरचना के क्षेत्र में भी कई प्रस्तावों को स्वीकृति मिली। पश्चिमी सिंहभूम के कुमारडुंगी में 38.65 किलोमीटर सड़क के चौड़ीकरण के लिए 29 करोड़ 87 लाख रुपये, मनोहरपुर में 19.49 किलोमीटर सड़क के मजबूतीकरण और चौड़ीकरण के लिए 114 करोड़ एक लाख रुपये तथा रामगढ़ के गोला-मुरी क्षेत्र में 4.8 किलोमीटर सड़क निर्माण के लिए 56 करोड़ 85 लाख रुपये स्वीकृत किए गए हैं। गिरिडीह में कॉलेज मोड़ से पावर हाउस तक 2.75 किलोमीटर सड़क के मजबूतीकरण के लिए 30 करोड़ 45 लाख रुपये मंजूर किए गए हैं।
जमशेदपुर में बिरसानगर जलापूर्ति योजना के लिए 67 करोड़ 36 लाख रुपये की प्रशासनिक स्वीकृति दी गई है। जल क्षेत्र के बेहतर प्रबंधन और एक्शन प्लान के लिए रुड़की स्थित प्रतिष्ठित संस्थान के साथ एमओयू करने को भी मंजूरी मिली है।
पर्यटन और पर्यावरण के क्षेत्र में धनबाद की तोपचांची झील के आसपास के क्षेत्र के सौंदर्यीकरण के लिए 184 करोड़ 29 लाख रुपये की स्वीकृति दी गई है। प्रशासनिक व्यवस्था को मजबूत करने के लिए वित्त विभाग के प्रोजेक्ट मैनेजमेंट यूनिट में संविदा और बाह्य स्रोत से 76 नए पदों के सृजन को स्वीकृति दी गई है।
कैबिनेट ने झारखंड म्यूनिसिपल रेगुलेशन-2026, झारखंड अधिवक्ता कल्याण निधि विधेयक-2026 और झारखंड न्यायालय शुल्क विधेयक-2026 के प्रारूप को मंजूरी दी है। केंद्रीय कारा होटवार, दुमका, घाघीडीह और हजारीबाग में ओपेन और सेमी ओपेन बैरक के निर्माण को भी स्वीकृति दी गई है।