नेपाल में बाढ़ का अलर्ट: काठमांडू फ्लाइट्स और यात्रा के लिए जरूरी गाइडलाइंस
गुरुवार, 27 अगस्त (IST): अगर आप नेपाल के भोटे कोशी और त्रिशूली इलाके से होकर कैलाश-मानसरोवर की सड़क यात्रा का प्लान बना रहे हैं, तो फिलहाल इसे टाल दें। काठमांडू का त्रिभुवन अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा चालू तो है, लेकिन कई उड़ानों में देरी और कुछ के रद्द होने का सिलसिला जारी है। इस हफ्ते सड़क मार्ग के बजाय हवाई सफर को तरजीह दें और भारत-नेपाल सीमा पार करते समय अतिरिक्त समय हाथ में रखकर चलें। उधर, बुधवार को अचानक आई भयानक बाढ़ के बाद कई विदेशी नागरिकों और तीर्थयात्रियों समेत सैकड़ों लोग अब भी लापता हैं।
काठमांडू स्थित भारतीय दूतावास ने यात्रियों की मदद के लिए इमरजेंसी हेल्पलाइन नंबर +977 9851316807 और +977 9709107500 जारी किए हैं। दूतावास के अधिकारियों ने कहा, "जिन्हें भी सहायता की जरूरत है, वे तुरंत दूतावास से संपर्क कर सकते हैं।" नेपाल की यात्रा पर गए लोगों के परिजन अपने पास ट्रेवल शेड्यूल शेयर रखें, ई-टिकट संभालकर रखें और साथ में प्रिंटेड आईडी कार्ड जरूर रखें। भारत के राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (NDRF) के मुताबिक बिहार और उत्तर प्रदेश में फिलहाल इसका कोई विपरीत असर नहीं पड़ा है, लेकिन निचली धाराओं वाले इलाकों में लगातार निगरानी रखी जा रही है।
नेपाल में फ्लैश फ्लड: काठमांडू की फ्लाइट्स और टिकट री-बुकिंग की स्थिति
काठमांडू आने-जाने वाली कई एयरलाइंस की फ्लाइट्स आज लगातार देरी से चल रही हैं, जबकि कुछ को रद्द भी करना पड़ा है। एयरपोर्ट पर लंबी कतारों में लगने से बचने के लिए एयरलाइन ऐप या एयरपोर्ट डिस्प्ले बोर्ड पर फ्लाइट स्टेटस चेक करें और ऐप के जरिए ही री-बुकिंग की रिक्वेस्ट डालें। ट्रेवल इंश्योरेंस क्लेम करने के लिए पेमेंट रिसीप्ट और देरी से जुड़ा कन्फर्मेशन संभालकर रखें। अगर आप पोखरा या भैरहवा के लिए कनेक्टिंग फ्लाइट ले रहे हैं, तो दो फ्लाइट्स के बीच पर्याप्त समय रखें और टाइट शेड्यूल से बचें।
कैलाश-मानसरोवर और भोटे कोशी-त्रिशूली रूट पर जाने से बचें
अधिकारियों के मुताबिक तिब्बत की तरफ से आया पानी का भारी बहाव भोटे कोशी के रास्ते त्रिशूली कॉरिडोर की ओर तेजी से बढ़ा है। खराब मौसम और भूस्खलन के कारण पृथ्वी हाईवे पर बसों की आवाजाही प्रभावित हुई है; हालांकि सड़क का एक बाधित हिस्सा आज खोल दिया गया है, लेकिन हालात अब भी परिवर्तनशील हैं। नेपाल के फ्लड बुलेटिन के अनुसार कई नदियां भले ही खतरे के निशान से नीचे बह रही हैं, फिर भी प्रभावित इलाकों में भारी सतर्कता बरतने की सलाह दी गई है। यात्रा शुरू करने से पहले रास्तों का हाल जान लें और रात के समय ड्राइविंग से पूरी तरह बचें।
भारतीयों के लिए नेपाल यात्रा वीजा नियम और ट्रिप का बजट
भारतीयों को नेपाल जाने के लिए किसी वीजा की जरूरत नहीं होती, लेकिन आपके पास वैध पासपोर्ट या निर्वाचन आयोग का वोटर आईडी कार्ड होना अनिवार्य है। अगर साथ में नाबालिग बच्चे हैं, तो माता-पिता के साथ उनका बर्थ सर्टिफिकेट और स्कूल आईडी जरूर रखें। नेपाल में अब प्रति व्यक्ति 25,000 रुपये तक के 200 और 500 रुपये के भारतीय नोट ले जाने की अनुमति है; हालांकि पुराने बंद हो चुके नोटों पर प्रतिबंध जारी है। काठमांडू और पोखरा में एटीएम आसानी से मिल जाते हैं।
| खर्च का मद | अनुमानित बजट (INR) |
|---|---|
| दिल्ली से आने-जाने की फ्लाइट | 12,000–25,000 |
| बजट होटल में स्टे | 1,500–3,000 प्रति रात |
| खाना-पीना, लोकल ढाबे/रेस्टोरेंट | 800–1,200 प्रतिदिन |
| एयरपोर्ट ट्रांसफर या टैक्सी | 500–1,000 प्रति ट्रिप |
नेपाल में बाढ़: शहर की यात्रा के लिए जरूरी सेफ्टी चेकलिस्ट
काठमांडू, पोखरा और नगरकोट में साइटसीइंग काफी हद तक सामान्य है, लेकिन नदियों के आसपास बेहद सतर्क रहें। होटल बुक करने से पहले वहां तक जाने वाले रास्तों की जानकारी लें, नदी किनारे के कमरों में ठहरने से बचें और फ्लेक्सिबल बुकिंग रखें। इस हफ्ते लंबी दूरी की बसों के बजाय हवाई सफर को प्राथमिकता दें। किसी भी डे-ट्रिप पर निकलने से पहले नेपाल के जल विज्ञान और मौसम विज्ञान विभाग के बुलेटिन और स्थानीय एडवाइजरी जरूर देखें—खासकर त्रिशूली नदी क्षेत्र से जुड़ी घाटियों के आसपास। सफर में पर्याप्त कैश, आईडी कार्ड, पावर बैंक और जरूरी दवाइयां अपने साथ रखें।