पुरी रथयात्रा में बड़ा हादसा: भीड़ के बीच दम घुटने से श्रद्धालु की मौत, 100 से ज्यादा लोग अस्पताल पहुंचे - Haribhoomi

Puri Rath Yatra Tragedy: पुरी रथयात्रा में भीड़ का दबाव बना जानलेवा, दम घुटने से श्रद्धालु की मौत; 100 से ज्यादा घायल

Puri Rath Yatra 2026 में बड़ा हादसा। पुरी की ग्रैंड रोड पर भारी भीड़ के बीच दम घुटने से एक श्रद्धालु की मौत हो गई, जबकि 100 से अधिक लोग घायल हो गए। 52 बेहोश श्रद्धालुओं को रेस्क्यू किया गया।

Puri Rath Yatra Death

मुख्य मार्ग पर जब रथों की रवानगी हो रही थी, तभी श्रद्धालुओं का दबाव बढ़ने से अनिल दास जमीन पर गिर पड़े और भीड़ के बीच दम घुटने के कारण अचेत हो गए और उनकी मौत हो गई।

  • Published: 16 Jul 2026, 09:29 PM IST
  • Last Updated: 16 Jul 2026, 09:59 PM IST

​ओडिशा के पुरी में शुरू हुई भगवान जगन्नाथ की वार्षिक रथयात्रा के पहले ही दिन एक दुखद हादसा सामने आया है। मुख्य मार्ग पर रथ खींचने के दौरान उमड़ी भारी भीड़ में दम घुटने और भगदड़ जैसी स्थिति बनने से एक श्रद्धालु की मौत हो गई, जबकि सौ से अधिक लोग घायल हो गए। इस घटना के बाद कुछ समय के लिए मेला परिसर में अफरा-तफरी मच गई।

पुरी रथयात्रा में कैसे हुआ हादसा? भीड़ के दबाव से बिगड़े हालात
पुरी की ग्रैंड रोड पर रथयात्रा के दौरान श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। रथों के आगे बढ़ने के साथ लोगों का दबाव बढ़ता गया, जिससे भगदड़ जैसी स्थिति बन गई। कई श्रद्धालुओं को सांस लेने में दिक्कत हुई और कुछ लोग भीड़ में गिर पड़े। इसी दौरान एक श्रद्धालु की मौत हो गई।

केओंझर के अनिल दास की गई जान, अस्पताल में डॉक्टरों ने किया मृत घोषित
हादसे में जान गंवाने वाले श्रद्धालु की पहचान ओडिशा के केओंझर जिले के अनिल दास के रूप में हुई है। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, भीड़ के दबाव के कारण वह जमीन पर गिर पड़े और दम घुटने से अचेत हो गए। उन्हें तत्काल अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया।

Tragedy at the Jagannath Rath Yatra in Puri, Odisha. At least one devotee lost their life and over 120 others were injured after a massive crowd surge triggered a stampede on the Grand Road. Several devotees suffered suffocation and breathing difficulties. Emergency teams rushed… pic.twitter.com/FKDZWTr1RM

— V Chandramouli (@VChandramouli6) July 16, 2026

Puri - Overwhelming crowds during the ongoing Rath Yatra led to suffocation incidents on the iconic Grand Road in Puri, prompting swift rescue operations by authorities, at least 52 devotees experienced breathing difficulties amid the massive rush of pilgrims thronging the… pic.twitter.com/WOel6B3v6V

— NextMinute News (@nextminutenews7) July 16, 2026

52 बेहोश श्रद्धालुओं को रेस्क्यू कर अस्पताल पहुंचाया गया
घटना के बाद पुलिस, दमकल विभाग और विशेष बचाव दल ने राहत अभियान शुरू किया। अधिकारियों ने भीड़ के बीच फंसे 52 से अधिक अचेत श्रद्धालुओं को सुरक्षित बाहर निकाला। कई लोगों को सांस लेने में परेशानी हुई, जिन्हें ऑक्सीजन सपोर्ट और प्राथमिक उपचार उपलब्ध कराया गया।

— Press Trust of India (@PTI_News) July 16, 2026

मूसलाधार बारिश के बीच पांच लाख से ज्यादा श्रद्धालु पहुंचे थे पुरी
इस साल भगवान जगन्नाथ की रथयात्रा में भारी संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए। प्रशासन के अनुसार, मूसलाधार बारिश के बावजूद पांच लाख से अधिक लोग पुरी पहुंचे थे। बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के एक साथ मुख्य मार्ग और प्रवेश द्वारों पर पहुंचने से भीड़ का दबाव अचानक बढ़ गया।

नवीन पटनायक ने जताया दुख, भीड़ प्रबंधन पर उठाए सवाल
ओडिशा के पूर्व मुख्यमंत्री और बीजेडी प्रमुख नवीन पटनायक ने हादसे पर गहरा दुख व्यक्त किया। उन्होंने मृतक श्रद्धालु के प्रति संवेदना जताते हुए घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना की। साथ ही राज्य सरकार से रथयात्रा के दौरान भीड़ प्रबंधन और सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत बनाने की मांग की।

ରଥଯାତ୍ରା ସମୟରେ ବଡ଼ଦାଣ୍ଡର ଭିଡ଼ରେ ଶ୍ରଦ୍ଧାଳୁଙ୍କ ପ୍ରାଣହାନୀ ହୋଇଥିବା ଖବର ପାଇ ମୁଁ ଅତ୍ୟନ୍ତ ଦୁଃଖିତ। ପ୍ରାଣ ହରାଇଥିବା ଶ୍ରଦ୍ଧାଳୁଙ୍କ ଅମର ଆତ୍ମାର ସଦଗତି ସହ ଆହତ ହୋଇଥିବା ଶତାଧିକ ଭକ୍ତଙ୍କ ଆଶୁଆରୋଗ୍ୟ କାମନା କରୁଛି। ଏପରି ଦୁଃଖଦ ସମୟରେ ସଭିଙ୍କ ସହାୟତା ପାଇଁ ବିଜୁ ଜନତା ଦଳର ସମସ୍ତ କର୍ମୀ ପୂର୍ଣ୍ଣ ସହଯୋଗ ଯୋଗାଇ ଦେବେ। ମୁଁ…

— Naveen Patnaik (@Naveen_Odisha) July 16, 2026

पिछले साल भी रथयात्रा में हुई थीं मौतें, सुरक्षा व्यवस्था पर फिर सवाल
पुरी रथयात्रा के दौरान सुरक्षा और भीड़ नियंत्रण को लेकर पहले भी सवाल उठते रहे हैं। रिपोर्ट्स के मुताबिक, पिछले वर्ष भी कुप्रबंधन और अव्यवस्था के कारण तीन लोगों की मौत हुई थी। ताजा हादसे के बाद एक बार फिर प्रशासनिक तैयारियों और सुरक्षा इंतजामों पर बहस शुरू हो गई है।